भारतीय संगीत जगत के एक स्वर्णिम युग का अंत हो गया है। अपनी जादुई आवाज से आठ दशकों तक करोड़ों दिलों पर राज करने वाली महान गायिका आशा भोसले अब हमारे बीच नहीं रहीं। 92 वर्ष की आयु में मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन से न केवल भारत बल्कि पूरी दुनिया के संगीत प्रेमी शोक में डूबे हैं। सोमवार को मुंबई के शिवाजी पार्क में पूरे राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया।
इस दुखद घड़ी में सबसे मार्मिक क्षण तब देखने को मिला जब उनकी पोती जनाई भोसले ने अपनी दादी के लिए एक बेहद इमोशनल नोट साझा किया। जनाई, जो अपनी दादी के बहुत करीब थीं, ने इंस्टाग्राम पर अपनी भावनाओं को व्यक्त करते हुए लिखा कि वह इस समय पूरी तरह से सुन्न हैं और उनके पास कहने के लिए शब्द कम पड़ रहे हैं।
"वो हम सबके दिलों में जीवित हैं"
अंतिम संस्कार के दौरान ज़नाई अपनी दादी को याद कर फूट-फूटकर रोती नजर आईं। यह ज़नाई ही थीं जिन्होंने सोशल मीडिया के ज़रिए प्रशंसकों को आशा जी के स्वास्थ्य की जानकारी दी थी और लोगों से प्रार्थना करने की अपील की थी।
राजकीय सम्मान के साथ विदाई
आशा भोसले का पार्थिव शरीर उनके लोअर परेल स्थित आवास पर अंतिम दर्शन के लिए रखा गया था, जहां अमिताभ बच्चन, शाहरुख खान, आमिर खान और सचिन तेंदुलकर जैसी दिग्गज हस्तियों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। शिवाजी पार्क में जब उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया, तो माहौल गमगीन हो गया। 'दम मारो दम' और 'चुरा लिया है तुमने' जैसे कालजयी गानों को अपनी आवाज़ देने वाली 'आशा ताई' अब यादों में सिमट गई हैं।
दुनिया भर से मिली श्रद्धांजलि
हॉलीवुड अभिनेता जॉन सीना से लेकर पूर्व ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर ब्रेट ली तक ने आशा जी के निधन पर दुख जताया है। जॉन सीना ने बिना किसी कैप्शन के उनकी तस्वीर साझा कर अपनी संवेदना व्यक्त की, वहीं ब्रेट ली ने 2006 में उनके साथ रिकॉर्ड किए गए गाने को याद करते हुए उन्हें एक 'विनम्र और महान' व्यक्तित्व बताया।
आशा भोसले ने अपने करियर में 12,000 से अधिक गाने गाए और उनका नाम गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में भी दर्ज है। उनकी बहुमुखी प्रतिभा ने उन्हें शास्त्रीय संगीत से लेकर पॉप और गजल तक हर क्षेत्र में अमर बना दिया। आज भले ही वह भौतिक रूप से हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनकी सुरीली आवाज आने वाली कई पीढ़ियों के कानों में रस घोलती रहेगी।