Ajit Pawar Death: महाराष्ट्र के उप-मुख्यमंत्री और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के मुखिया अजित पवार का बुधवार सुबह बारामती में एक विमान हादसे में निधन हो गया। उनका चार्टेड विमान, लीयरजेट 45XR विमान लैंडिंग के समय दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस हादसे में पवार समेत विमान में सवार सभी पांच लोगों की मौत हो गई। पवार जिला परिषद चुनावों के सिलसिले में मुंबई से बारामती जा रहे थे। यह हादसा लैंडिंग के दौरान हुआ, जब विमान रनवे से करीब 100 फीट पहले गिरकर आग की लपटों में घिर गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विमान तेजी से नीचे गिरा और धमाके के साथ जल उठा। जांच एजेंसियां अब मौसम, तकनीकी खराबी और पायलट की गलती की जांच कर रही हैं।
66 वर्षीय अजति पवार, महाराष्ट्र की राजनीति के एक बड़े चेहरे थे। उनकी विद्रोही छवि और विकास कार्यों ने उन्हें जनता में 'दादा' का खिताब दिलाया था। यह कोई पहला मौका नहीं है जब हवाई हादसे में किसी बड़ी राजतीनिक हस्ती की मौत हुई है। इतिहास ऐसे कई दर्दनाक हादसों से भरा पड़ा है, जिन्होंने देश की महान हस्तियों को हमसे असमय छीन लिया। यहां विमान हादसे में जान गंवाने वाले ऐसी ही 10 प्रमुख हस्तियों के बारे में हम बता रहे हैं-
भारत के पहले चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल बिपिन रावत की मृत्यु तमिलनाडु के कुन्नूर में एक हेलीकॉप्टर क्रैश में हुई थी। इस दुर्घटना में जनरल रावत, उनकी पत्नी मधुलिका रावत और 11 अन्य सैन्य कर्मियों की मौके पर ही मृत्यु हो गई थी। वहीं ग्रुप कैप्टन वरुण सिंह का निधन एक सप्ताह बाद अस्पताल में हुआ।
3. वाई. एस. राजशेखर रेड्डी
आंध्र प्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री वाई एस राजशेखर रेड्डी (YSR) की मृत्यु 2 सितंबर 2009 को एक दुखद हेलीकॉप्टर दुर्घटना में हुई थी। यह हादसा कुरनूल जिले की नल्लामाला पहाड़ियों के घने जंगलों में हुआ था। हेलीकॉप्टर के लापता होने के लगभग 24 घंटे बाद भारतीय वायुसेना के विमानों ने नल्लामाला के जंगलों में इसका मलबा और शव खोजे थे।
4. माधवराव सिंधिया (2001)
दिग्गज कांग्रेस नेता और ग्वालियर के पूर्व महाराजा माधवराव सिंधिया की मौत 30 सितंबर 2001 को उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले के पास एक विमान दुर्घटना में हुई थी। वे एक दिल्ली से एक निजी विमान के जरिए कानपुर में एक रैली को संबोधित करने जा रहे थे, जब खराब मौसम के कारण उनका विमान क्रैश हो गया। इस दुखद दुर्घटना में सिंधिया सहित विमान में सवार सभी 8 लोगों की मृत्यु हो गई थी।
पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के छोटे बेटे संजय गांधी की मृत्यु 23 जून 1980 को नई दिल्ली के सफदरजंग एयरपोर्ट्स के पास एक विमान दुर्घटना में हुई थी। वे एक नया पिट्स एस-2ए विमान उड़ाते हुए हवा में कलाबाजी (एयरोबेटिक्स) कर रहे थे, तभी उन्होंने नियंत्रण खो दिया और विमान क्रैश हो गया। इस हादसे में संजय गांधी और उनके साथी कैप्टन सुभाष सक्सेना की मौके पर ही मौत हो गई थी।
भारतीय परमाणु कार्यक्रम के जनक डॉ. होमी जहांगीर भाभा की मृत्यु 24 जनवरी 1966 को एक विमान हादसे में हुई थी। उनका एयर इंडिया विमान स्विट्जरलैंड के आल्प्स माउंट रेंज के माउंट ब्लांक से टकराकर दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। इस हादसे में डॉ. भाभा सहित विमान में सवार सभी 117 लोगों की जान चली गई थी। आधिकारिक तौर पर इसे पायलट की चूक माना गया।
अरुणाचल प्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री दोरजी खांडू का निधन 30 अप्रैल 2011 को एक हेलीकॉप्टर दुर्घटना में हुआ था। उनका पवन हंस हेलीकॉप्टर तवांग से ईटानगर जाते समय खराब मौसम के कारण भारत-चीन सीमा के पास लुगुथांग में क्रैश हो गया था। इस दुखद हादसे में मुख्यमंत्री के साथ सवार अन्य सभी 4 लोगों की भी मृत्यु हो गई थी और उनके शव पांच दिनों की तलाशी अभियान के बाद मिले थे।
तत्कालीन लोकसभा अध्यक्ष जी. एम. सी. बालयोगी की मृत्यु 3 मार्च 2002 को आंध्र प्रदेश के कृष्णा जिले में एक हेलीकॉप्टर दुर्घटना में हुई थी। उनका बेल 206 हेलीकॉप्टर तकनीकी खराबी और घने कोहरे के कारण मछलीपट्टनम के पास एक तालाब में गिरकर दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। इस दुखद घटना में उनके निजी सहायक और पायलट की भी जान चली गई थी।
मशहूर उद्योगपति और हरियाणा के तत्कालीन बिजली मंत्री ओपी जिंदल का निधन 31 मार्च 2005 को एक हेलीकॉप्टर दुर्घटना में हुआ था। उनका निजी हेलीकॉप्टर चंडीगढ़ से दिल्ली जाते समय तकनीकी खराबी के चलते उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले में गिरकर क्रैश हो गया था। इस हादसे में जिंदल के साथ हरियाणा के कृषि मंत्री सुरेंद्र सिंह और पायलट की भी मृत्यु हो गई थी।
नेताजी सुभाष चंद्र बोस की आधिकारिक मृत्यु 18 अगस्त 1945 को ताइवान में एक विमान दुर्घटना के दौरान हुई बताई जाती है। जापानी रिकॉर्ड्स के अनुसार, उड़ान भरने के तुरंत बाद उनके विमान के इंजन में खराबी आ गई और वह आग के गोले में तब्दील होकर क्रैश हो गया। हालांकि, उनकी मृत्यु और इस दुर्घटना को लेकर आज भी कई रहस्य और विवाद बने हुए हैं।