Assam elections 2026: असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने मंगलवार (30 दिसंबर) को हिंदुओं को सलाह दी कि वे राज्य में मुसलमानों की तुलना में गिरती जनसंख्या वृद्धि को रोकने के लिए, यदि संभव हो तो, तीन बच्चे पैदा करें। उन्होंने यह भी दावा किया कि यदि हिंदू अधिक बच्चे पैदा नहीं करेंगे, तो घर की देखभाल करने के लिए लोग नहीं बचेंगे। उनका यह बयान राज्य में विधानसभा चुनाव से पहले आया है, जिसके अगले साल मार्च-अप्रैल में होने की संभावना है।
बारपेटा जिले में एक आधिकारिक कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बात करते हुए शर्मा ने कहा, "अल्पसंख्यक क्षेत्रों में उनकी जन्म दर अधिक है। हिंदुओं में जन्म दर दिन-ब-दिन कम होती जा रही है। इसलिए, वहां अंतर बना हुआ है।" वह असम के कुछ निर्वाचन क्षेत्रों में मुस्लिम आबादी में कथित वृद्धि पर पूछे गए एक सवाल का जवाब दे रहे थे।
उन्होंने कहा, "इसीलिए हम हर हिंदू व्यक्ति से कहते हैं कि आपको एक बच्चे पर नहीं रुकना चाहिए और कम से कम दो बच्चे पैदा करने चाहिए। यदि संभव हो तो तीन बच्चे पैदा करें।" मुख्यमंत्री ने कहा कि दूसरी ओर मुस्लिम लोगों को यह सलाह दी जाती है कि वे 7–8 बच्चे पैदा न करें और अपनी संतान की संख्या कम रखें।
न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक उन्होंने दावा किया, "हम हिंदुओं से थोड़े अधिक बच्चे पैदा करने के लिए कहते हैं, अन्यथा घर की देखभाल करने वाला कोई नहीं होगा।" शर्मा ने यह भी स्पष्ट किया कि चूंकि विधानसभा क्षेत्रों का परिसीमन हुआ है। इसलिए जनसंख्या पैटर्न की सही जानकारी उनके पास तुरंत नहीं है।
असम सरकार ने पांच दिसंबर को, एसटी, एससी, चाय बागान, मोरन और मटक समुदायों के लिए दो बच्चों के नियम में ढील दी थी। इससे पूरे राज्य के लिए परिवार नियोजन नियम को धीरे-धीरे लागू करने का सरकार का रुख बदला।
साल 2011 की जनगणना के अनुसार, असम की कुल आबादी 3.12 करोड़ थी। इसमें से मुस्लिम जनसंख्या 1.07 करोड़ थी (34.22 प्रतिशत) थी। राज्य में 1.92 करोड़ हिंदू थे, जो कुल जनसंख्या का लगभग 61.47 प्रतिशत थे। असम में अगले साल विधानसभा है, जिसमें बांग्लादेशी घुसपैठियों के साथ मुस्लिम जनसंख्या भी अहम मुद्दा है।