Pahalgam Terror Attack: भारत सरकार ने ब्रिटेन स्थित ग्लोबल मीडिया आउटलेट बीबीसी की तरफ से की जा रही पहलगाम आतंकी हमले की कवरेज पर कड़ी आपत्ति जताई है। सरकार ने ब्रिटिश ब्रॉडकास्टिंग कॉरपोरेशन (BBC) को एक औपचारिक पत्र लिखकर पहलगाम आतंकी हमले के संबंध में उसकी रिपोर्टिंग और आतंकवादियों को 'लड़ाका' यानी 'मिलिटेंट (Militants)' कहने पर भारत की तीखी भावनाओं से अवगत कराया है। बीबीसी ने अपने 'पाकिस्तान ने कश्मीर में हुए घातक हमले के बाद भारतीयों के लिए वीजा निलंबित किया' शीर्षक से एक आर्टिकल में पहलगाम आतंकी हमले को 'मिलिटेंट अटैक' बताया था।
इसी आर्टिकल पर आपत्ति जताते हुए भारत सरकार ने BBC के भारत प्रमुख जैकी मार्टिन को पत्र लिखा है। इसमें उनकी कवरेज को पक्षपातपूर्ण करार दिया है। BBC के भारत प्रमुख जैकी मार्टिन को लिखे पत्र में विदेश मंत्रालय ने पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले की रिपोर्टिंग के बारे में देश की तीखी भावनाओं से अवगत कराया है।
इस हमले में 26 लोग मारे गए थे, जिनमें अधिकतर पर्यटक थे। लेकिन बीबीसी ने अपने आर्टिकल में आतंकी हमले का जिक्र नहीं किया है। BBC को लिखे एक औपचारिक पत्र में भारत सरकार ने कहा कि विदेश मंत्रालय आगे भी ब्रिटिश आउटलेट की रिपोर्टिंग पर नजर रखेगा।
मामले से संबंधित एक अधिकारी ने सोमवार को न्यूज एजेंसी पीटीआई को बताया, "आतंकवादियों को 'मिलिटेंट' कहने के लिए बीबीसी को एक औपचारिक पत्र भेजा गया है। विदेश मंत्रालय का विदेश प्रचार प्रभाग 'बीबीसी' की रिपोर्टिंग की निगरानी करेगा।"
सरकार ने बीबीसी के भारत प्रमुख को अपनी चिंता से अवगत कराते हुए आतंकवादियों के बजाय "मिलिटेंट" शब्द के इस्तेमाल पर आपत्ति जताई। साथ ही कहा कि रिपोर्ट में आतंकवादियों द्वारा मारे जाने से पहले लोगों से पूछे जाने वाले धर्म को कमतर करके आंका गया है। सरकार ने चैनल से भविष्य में संवेदनशीलता को ठेस पहुंचाने से बचने को भी कहा है।
BBC ने अपनी रिपोर्ट में क्या कहा था?
बीबीसी ने अपनी रिपोर्ट में आतंकवादियों को "मिलिटेंट" और "बंदूकधारी" बताया था। साथ ही कश्मीर को "भारत प्रशासित कश्मीर" भी कहा था। बीबीसी की रिपोर्ट में कहा गया है, "भारत प्रशासित कश्मीर में आतंकवादी हमले के बाद तनाव बढ़ने पर पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ जवाबी कार्रवाई की है, जिसमें 26 पर्यटक मारे गए। मंगलवार के हमले में बंदूकधारियों के एक समूह ने विवादित हिमालयी क्षेत्र में एक रिसॉर्ट पहलगाम के पास पर्यटकों पर गोलीबारी की।"
बता दें कि 'मिनी-स्विट्जरलैंड' के नाम से मशहूर बैसरन घाटी में छुट्टियां मना रहे और मौज-मस्ती कर रहे 26 लोगों की 22 अप्रैल की दोपहर को आतंकवादियों ने बेरहमी से हत्या कर दी। बचे हुए लोगों ने खुलासा किया कि आतंकवादियों ने गोली मारने से पहले पर्यटकों के नाम पूछे और उन्हें यह सुनिश्चित करने के लिए अपनी पैंट नीचे करने को कहा कि वे गैर-मुस्लिम हैं। उन्होंने लोगों से कलमा पढ़ने को भी कहा और जो लोग ऐसा करने में विफल रहे, उन्हें सीधे गोली मार दी गई। बीबीसी की रिपोर्ट में इन बातों को दरकिनार कर दिया गया।