पाकिस्तान के साथ बढ़ते तनाव के बीच चीन की सच्चाई सामने आ गई है। चीन पाकिस्तान के सीपीईसी में बड़ा निवेश कर रहा है। इधर, इंडिया के साथ भी उसका व्यापार बढ़ रहा है। इस बीच इंडिया के समर्थन वाला आईएमईसी चीन के बेल्ट एंड रोड एनिशिएटिव (बीआरआई) के प्रतिद्वंद्वी के रूप में उभरा है। 14वें वित्त आयोग के सदस्य और इकोनॉमिस्ट एम गोविंद राव ने कहा कि चीन हमेशा से इंडिया की बढ़ती प्रतिस्पर्धी क्षमता को रोकने की कोशिश करता आ रहा है। चीन ने दरअसल पाकिस्तान में काफी निवेश किया है। वह पाकिस्तान का स्थायी दोस्त बने रहना चाहता है।
