बुधवार का वो दिन दिल्ली के मालवीय नगर के लिए एक ऐसा खौफनाक मंजर लेकर आया, जिसे याद कर आज भी लोगों की रूह कांप उठती है। इलाके के 'होटल फ्लोरिस स्टे' में अचानक लगी भीषण आग ने देखते ही देखते सब कुछ अपनी चपेट में ले लिया। चारों तरफ सिर्फ काला धुआं, जलती लपटें और जान बचाने के लिए चीखते-चिल्लाते बेबस लोग थे। इस दर्दनाक हादसे ने 21 मासूम जिंदगियों को हमेशा के लिए छीन लिया, लेकिन मौत के इस तांडव के बीच इंसानियत और बहादुरी की एक ऐसी मिसाल भी देखने को मिली, जिसने सबका दिल जीत लिया।
