Assam: चुनाव आयोग ने SR के बाद असम की ड्राफ्ट वोटर लिस्ट जारी की, हटाए गए 10 लाख नाम

ECI ने बताया कि इस स्पेशल रिवीजन के दौरान राज्य भर में 29,000 से ज्यादा ब्लॉक लेवल अधिकारियों और 2,578 सुपरवाइजरों ने काम किया। इन टीमों ने करीब 61 लाख घरों का दौरा किया, ताकि मतदाता सूची को सही और अपडेट किया जा सके

अपडेटेड Dec 27, 2025 पर 9:07 PM
Story continues below Advertisement
असम में वोटर लिस्ट को दुरुस्त करने की ओर बड़ा कदम उठाया गया है।

विधानसभा चुनाव से पहले असम में वोटर लिस्ट को दुरुस्त करने की ओर बड़ा कदम उठाया गया है। चुनाव आयोग ने स्पेशल रिवीजन के बाद राज्य की ड्राफ्ट वोटर लिस्ट जारी कर दी है। असम में स्पेशल रिवीजन (SR) की प्रक्रिया 22 नवंबर से 20 दिसंबर के बीच पूरी की गई थी। इसके लिए 1 जनवरी को क्वालिफाइंग तारीख तय की गई थी। निर्वाचन आयोग (ECI) के अनुसार, असम में कुल 2.51 करोड़ मतदाता हैं। इसमें 93,021 ऐसे डी-वोटर शामिल नहीं हैं, जिनकी नागरिकता को लेकर संदेह है। स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) से अलग, असम में इस प्रक्रिया के दौरान दस्तावेजों की फिजिकल जांच की जरूरत नहीं पड़ी। इसका मुख्य फोकस नए वोटरों को जोड़ने, किसी नाम पर आपत्ति दर्ज करने और गलतियों को सुधारने के लिए फॉर्म भरने पर था।

विधानसभा चुनाव से पहले हो रहा SR

ECI ने बताया कि इस स्पेशल रिवीजन के दौरान राज्य भर में 29,000 से ज्यादा ब्लॉक लेवल अधिकारियों और 2,578 सुपरवाइजरों ने काम किया। इन टीमों ने करीब 61 लाख घरों का दौरा किया, ताकि मतदाता सूची को सही और अपडेट किया जा सके। चुनाव आयोग (ECI) ने एक बयान में कहा है कि मौजूदा स्पेशल रिवीजन (SR) के दौरान मतदाता सूची को साफ और दुरुस्त करना एक बेहद सावधानी से किया गया प्रशासनिक काम है। इसका मकसद 2026 में होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले वोटर लिस्ट  की विश्वसनीयता और मजबूती को बढ़ाना है।


10 फरवरी तक जारी होगी फाइनल लिस्ट 

आयोग के अनुसार, असम में कुल 1.257 करोड़ पुरुष मतदाता, 1.263 करोड़ महिला मतदाता और 379 अन्य श्रेणी के मतदाता दर्ज हैं। ECI ने यह भी बताया कि SR प्रक्रिया पूरी होने के बाद 22 जनवरी तक दावे और आपत्तियां दर्ज की जा सकेंगी। सभी सुधारों के बाद अंतिम मतदाता सूची 10 फरवरी को जारी की जाएगी। चुनाव आयोग (EC) ने अपने बयान में कहा है कि हर योग्य नागरिक का सही तरीके से मतदाता के रूप में पंजीकरण हो, इसके लिए कुछ जरूरी शर्तें तय की गई हैं। वोटर बनने के लिए व्यक्ति को चार मुख्य शर्तें पूरी करनी होती हैं।

  • सबसे पहले, व्यक्ति के पास भारत की नागरिकता होनी चाहिए।
  • दूसरी शर्त यह है कि वह न्यूनतम उम्र की सीमा पूरी करता हो।
  • तीसरी बात, जिस निर्वाचन क्षेत्र में वह अपना नाम दर्ज कराना चाहता है, वहां का वह सामान्य निवासी होना चाहिए।
  •  आखिर में, व्यक्ति को कानूनी रूप से वोट देने से रोका नहीं गया हो। इसका मतलब है कि वह किसी कानून के तहत अयोग्य घोषित न किया गया हो और उसे मानसिक रूप से अस्वस्थ भी घोषित न किया गया हो।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।