ईरान पर US और इजराइल के जॉइंट अटैक से मिडिल ईस्ट में बड़े पैमाने पर सैन्य टकराव शुरू हो चुका है। ईरान भी जवाबी हमले कर रहा है। इसके चलते भारतीय निर्यातकों को ट्रांसपोर्टेशन और इंश्योरेंस कॉस्ट बढ़ने का डर है, जिससे अमेरिका और यूरोप को होने वाले आउटबाउंड शिपमेंट में रुकावट आ सकती है। मिडिल ईस्ट में लंबे समय तक तनाव रहने से तेल की कीमतों पर असर पड़ सकता है, जिसका असर इनपुट कॉस्ट और मौजूदा स्थिरता पर पड़ेगा।
