Nandani Bosmiya Death New: गुजरात के राजकोट में 23 वर्षीय पूर्व आम आदमी पार्टी (AAP) उम्मीदवार नंदनी बोसमिया की संदिग्ध मौत ने नया मोड़ ले लिया है। 22 जून को नंदिनी अपने अपार्टमेंट में फंदे से लटकी हुई मिली थीं। शुरुआती जांच में मामला आत्महत्या का लगा। लेकिन अब उनके परिवार ने इसे हत्या बताते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं। परिजनों का दावा है कि नंदिनी की मौत को आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की गई है।
परिजनों का कहना है कि इसके पीछे उनके लिव-इन पार्टनर असलम सामा (Aslam Sama) का हाथ हो सकता है। पीड़ित परिवार का दावा है कि असलम पहले से शादीशुदा था। दोनों के बीच अक्सर विवाद होता था। राजकोट पुलिस ने आकस्मिक मौत का मामला दर्ज कर फोरेंसिक जांच शुरू कर दी है।
लिव-इन रिश्ते को लेकर बढ़ रहा था तनाव
परिवार ने दावा किया है कि नंदिनी पिछले कुछ समय से असलम सामा के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही थीं। आरोप है कि असलम पहले से शादीशुदा था। वह नंदिनी के अलावा जूनागढ़ में अपनी पत्नी से भी संबंध बनाए हुए था। रिश्तेदारों का कहना है कि इसी वजह से दोनों के बीच पिछले कुछ महीनों में लगातार विवाद होने लगे थे। नंदिनी कथित तौर पर मानसिक तनाव, भावनात्मक प्रताड़ना और परेशानियों का सामना कर रही थीं।
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, नंदिनी के परिवार ने आरोप लगाया है कि असलम सामा उसे लगातार प्रताड़ित कर रहा था। नंदिनी को वह धमकियां भी देता था। उनका कहना है कि नंदिनी ने कई बार अपने करीबियों को रिश्ते में चल रही समस्याओं और तनाव के बारे में बताया था। परिजनों का आरोप है कि इन परिस्थितियों ने उनकी मौत को संदिग्ध बना दिया है। इसलिए मामले की गहन जांच की जानी चाहिए।
नंदनी के पिता आनंद बोस्मिया ने आरोप लगाया है कि असलम कई बार उनकी बेटी के साथ मारपीट भी किया था। यही वजह है कि मौत के बाद परिवार सीधे तौर पर असलम की भूमिका पर सवाल उठा रहा है। फिलहाल पुलिस ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 194 के तहत आकस्मिक मौत का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
न्यूज 18 के मुताबिक, विवाद के बाद नंदनी कुछ समय के लिए एक ऐसे शख्स के पास चली गई थीं जिसे वह अपना भाई मानती थीं। हालांकि बाद में वह दोबारा उसी फ्लैट में लौट आई। परिवार का दावा है कि इसके बाद भी हालात सामान्य नहीं थे। दोनों के बीच तनाव बना हुआ था।
पुलिस ने शुरू की डिटेल्स जांच
पुलिस का कहना है कि शुरुआती सबूतों से मौत फांसी लगने की प्रतीत होती है। लेकिन अभी किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। जांच एजेंसियां सभी संभावित पहलुओं (जिनमें हत्या की आशंका भी शामिल है) की जांच कर रही हैं। अधिकारियों के मुताबिक, घटनास्थल से मिले साक्ष्य, डिजिटल रिकॉर्ड, गवाहों के बयान और अन्य परिस्थितिजन्य तथ्यों की जांच की जा रही है।
घटना वाले दिन नंदनी का फोन लगातार बंद मिला। परिवार का उनसे संपर्क नहीं हो पाया। इसके बाद परिवार को चिंता हुई। फिर एक परिचित को फ्लैट पर भेजा गया। उन्हें बताया गया कि फ्लैट के अंदर नंदनी फंदे से लटकी हुई मिलीं। इसकी जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी।
फोरेंसिक और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मौत का वास्तविक कारण फोरेंसिक और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। जांच पूरी होने तक किसी भी संभावना को खारिज नहीं किया गया है। फिलहाल मामला जांच के अधीन है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि यह आत्महत्या थी या इसके पीछे किसी आपराधिक साजिश का हाथ था। वहीं, नंदिनी के परिवार ने निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। एक अधिकारी ने कहा कि मौत की असली वजह फोरेंसिक और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता चलेगी।