Pariksha Pe Charcha 2026: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम के दौरान छात्रों से बातचीत की और कहा कि अंतिम लक्ष्य परीक्षा के परिणाम नहीं, बल्कि जीवन में सर्वांगीण विकास है। PTI के अनुसार, 2026 का यह संस्करण छात्रों को परीक्षा के दौरान तनाव से दूर रहने में मदद करने और पढ़ाई व सीखने पर ज्यादा ध्यान देने के उद्देश्य से आयोजित किया गया है।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “...मैं बीते हुए समय को नहीं देखता, मैं हमेशा आने वाले समय की ओर देखता हूं... कई बार शिक्षक केवल वही पढ़ाते हैं जो महत्वपूर्ण होता है और जिससे अच्छे अंक मिल सकें, लेकिन एक अच्छा शिक्षक बच्चों के हर तरह के विकास पर ध्यान केंद्रित करता है और सब कुछ सिखाता है... जीवन केवल परीक्षा के बारे में नहीं है। शिक्षा तो हमारे विकास का एक माध्यम मात्र है... परीक्षा कभी भी अंतिम लक्ष्य नहीं होनी चाहिए। अंतिम लक्ष्य जीवन में हर तरफ से आगे बढ़ना होना चाहिए...”
उन्होंने कहा कि जीवन के सभी पहलुओं में संतुलन होना चाहिए और चेतावनी दी कि किसी एक तरफ बहुत अधिक झुकना पतन का कारण बन सकता है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि जीवन कौशल और व्यावसायिक कौशल समान रूप से महत्वपूर्ण हैं और इन्हें केवल शिक्षा के माध्यम से ही प्राप्त किया जा सकता है।
प्रधानमंत्री मोदी ने असम के विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए कहा, "यह पूर्वोत्तर, विशेषकर असम के लिए महिला सशक्तिकरण का एक अच्छा उदाहरण है, क्योंकि यहां की महिलाएं इसे प्रेम और समर्पण के साथ घर पर बुनती हैं..."
उन्होंने कहा, "...शिक्षा को बोझ नहीं समझना चाहिए। इसमें हमारी पूर्ण भागीदारी आवश्यक है। टुकड़ों में शिक्षा सफलता की गारंटी नहीं देती... अंकों पर ध्यान केंद्रित करने के बजाय, सभी को इस बात पर ध्यान देना चाहिए कि उन्होंने जीवन में क्या हासिल किया है..."
प्रधानमंत्री मोदी ने आगे कहा, "हम चीजों और घटनाओं को तभी याद रखते हैं जब हम उनमें पूरी तरह से शामिल होते हैं..."
परीक्षा पे चर्चा (Pariksha Pe Charcha)
नई शिक्षा नीति (NEP) 2020 के अनुरूप, परीक्षा पे चर्चा की अवधारणा का उद्देश्य छात्रों के परीक्षा अनुभव को नया रूप देना है, जिसमें आत्मविश्वास, सकारात्मकता और समग्र कल्याण को बढ़ावा देना और परीक्षा के मौसम को उत्सव के रूप में मनाना शामिल है।
शिक्षा मंत्रालय के एक आधिकारिक बयान के अनुसार, प्रधानमंत्री ने अपने विचारों को अपनी किताब “Exam Warriors” में संकलित किया है, जो कई भाषाओं और ब्रेल में भी उपलब्ध है। इस किताब में उन्होंने आत्मविश्वास पर जोर दिया है और इन मुद्दों पर चर्चा की आवश्यकता पर बल दिया है ताकि हमारे बच्चों को वह आनंदमय बचपन मिल सके जिसके वे हकदार हैं।
प्रधानमंत्री द्वारा संकल्पित, परीक्षा पे चर्चा गतिशील और नवाचारी कार्यक्रम है, जो हर साल नए तत्व जोड़ती है।