Prayagraj Floods: पड़ोसी देश नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ और हिमालयी क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश का असर अब गंगा नदी के जलस्तर पर भी साफ दिखाई दे रहा है। धर्मनगरी प्रयागराज में बीते कुछ दिनों से गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। इसके चलते उत्तर प्रदेश और बिहार के कई गंगा किनारे बसे शहरों में नदी का पानी अपने सामान्य प्रवाह क्षेत्र से बाहर फैलने लगा है। इसी बीच प्रयागराज में एक बेहद भावुक और आस्था से जुड़ा दृश्य सामने आया है, जहां मां गंगा का पानी प्रसिद्ध 'लेटे हुए हनुमान' यानी बड़े हनुमान जी मंदिर तक पहुंच गया।
संगम स्थित लेटे हनुमान मंदिर में मां गंगा का पानी गर्भगृह तक पहुंच गया। पानी मंदिर की सीढ़ियों से होते हुए अंदर तक पहुंचा और वहां विराजमान भगवान हनुमान की प्रतिमा को स्पर्श करने लगा। इस दौरान ऐसा दृश्य बना मानो मां गंगा स्वयं संगम तट पर विराजमान बड़े हनुमान जी का अभिषेक करने पहुंची हों। मंदिर में पानी सीढ़ियों से नीचे की ओर बहता दिखाई दिया। गर्भगृह में स्थापित लेटे हुए हनुमान जी की प्रतिमा तक पहुंच गया, जिसे देखकर सबलोग भावुक हो गए।
पूजा-पाठ के बीच मंदिर में पहुंचा गंगा का पानी
गंगा का पानी मंदिर परिसर में एंट्री करने के बावजूद पुजारी और स्थानीय श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना जारी रखी। पुजारी ने धार्मिक अनुष्ठान और प्रार्थना की। इस दौरान मंदिर परिसर और आसपास 'बड़े हनुमान जी महाराज' और 'मां गंगा' के जयकारे गूंजते रहे। इसका वीडियो भी सामने आया है, जिसमें मंदिर के पुजारी और स्थानीय लोग श्रद्धा के साथ पूजा करते नजर आ रहे हैं। वीडियो में गंगा का पानी मंदिर की सीढ़ियों से बहता हुआ दिखाई देता है। जबकि आगे बढ़कर भगवान हनुमान की प्रतिमा तक पहुंचता नजर आता है।
मंदिर के सोशल मीडिया पेज पर भी शेयर हुई तस्वीरें
इस घटना से जुड़ी तस्वीरें और वीडियो श्री बड़े हनुमान जी मंदिर (संगम प्रयाग), प्रयागराज के फेसबुक पेज पर भी शेयर किए गए हैं। पोस्ट में इस दिन को प्रयागराज और हनुमान भक्तों के लिए बेहद शुभ और सौभाग्यशाली बताया गया। पोस्ट में धार्मिक भावनाओं के अनुरूप कहा गया कि प्रयागराज के पवित्र संगम पर, जहां संगम तट पर श्री बड़े हनुमान जी महाराज विराजमान हैं, वहां 'पतित पावनी मां गंगा' ने स्वयं भगवान हनुमान का भव्य जलाभिषेक किया।
लगातार बढ़ रहा है गंगा का जलस्तर
दरअसल, नेपाल में बाढ़ की स्थिति और हिमालयी क्षेत्रों में लगातार बारिश के कारण गंगा समेत कई नदियों के जलस्तर में वृद्धि देखी जा रही है। उत्तर प्रदेश में वाराणसी और प्रयागराज सहित गंगा किनारे के इलाकों में नदी का पानी फैलने लगा है। वहीं, बिहार के बक्सर, पटना और मुंगेर जैसे जिलों में भी गंगा का बढ़ता जलस्तर लोगों के लिए चिंता का कारण बना हुआ है।
प्रयागराज में गंगा और यमुना का संगम धार्मिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। संगम क्षेत्र में स्थित बड़े हनुमान जी मंदिर की विशेष धार्मिक मान्यता है। यहां भगवान हनुमान की प्रतिमा लेटी हुई मुद्रा में है। गंगा का पानी मंदिर तक पहुंचने और प्रतिमा को स्पर्श करने के इस दृश्य को श्रद्धालु आस्था और धार्मिक दृष्टि से बेहद विशेष क्षण मान रहे हैं।
हर साल दिख जाता है ये मनमोहक दृश्य
सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो और तस्वीरों के बाद यह दृश्य तेजी से चर्चा में है। मंदिर परिसर में मौजूद लोगों ने गंगा और बड़े हनुमान जी दोनों की श्रद्धा के साथ पूजा की और जयकारे लगाए। हिंदू धर्म में आस्था है कि जब हनुमान जी ने लंका दहन किया था तो उसके बाद उनका शरीर भी आग की चपेट में आकर जलनशील हो गया था। फिर बजरंगबली संगम के तट पर आकर लेट गए थे।
बताया जाता है कि इस दौरान मां गंगा ने अपना रूप बढ़ाकर अपने जल से हनुमान जी को स्पर्श किया था। पुजारियों का कहना है कि आज भी प्रयागराज में वैसे ही मां गंगा हर साल 'लेटे हुए हनुमान' जी को प्रणाम करने जरूर आती है।