पश्चिम बंगाल चुनाव की तैयारी तेज, इस दिन चुनावी जनसभा करेंगे PM मोदी, मतुआ क्षेत्र से होगी शुरुआत

सूत्रों के मुताबिक, भाजपा राज्य में चुनाव प्रचार के लिए 10 जनसभाएं करने वाली है, जिसमें PM मोदी भी भाग लेंगे। जबकि, इनमें से तीन सभाएं अलीपुरद्वार, दमदम और दुर्गापुर में पहले ही वें भाग ले चुके है और जनता को संबोधित कर चुके हैं

अपडेटेड Dec 13, 2025 पर 3:57 PM
Story continues below Advertisement
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज होती जा रही हैं।

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज होती जा रही हैं। चुनाव प्रचार के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक बार फिर बंगाल का दौरा करने वाले हैं। इस बार भी BJP चुनाव प्रचार की शुरुआत मतुआ बहुल क्षेत्र से करने जा रही है। संसद के शीतकालीन सत्र खत्म होने के बाद प्रधानमंत्री मोदी 20 दिसंबर को नादिया जिले के राणाघाट में एक बड़ी जनसभा को संबोधित करेंगे।

सूत्रों के मुताबिक, भाजपा राज्य में चुनाव प्रचार के लिए 10 जनसभाएं करने वाली है, जिसमें PM मोदी भी भाग लेंगे। जबकि, इनमें से तीन सभाएं अलीपुरद्वार, दमदम और दुर्गापुर में पहले ही वें भाग ले चुके है और जनता को संबोधित कर चुके हैं। अब बाकी सात सभाएं आने वाले महीनों में आयोजित किए जाएंगे, जिनकी शुरुआत राणाघाट से की जा रही है। बताया जा रहा है कि प्रधानमंत्री की यह जनसभा राणाघाट के ताहेरपुर इलाके में होगी। ताहेरपुर इलाका शरणार्थी बहुल क्षेत्र माना जाता है और यहां मतुआ समुदाय की बड़ी आबादी रहती है। जनसभा के लिए सभा स्थल को लेकर तैयारियां भी शुरू हो चुकी हैं।

भाजपा के राज्य महासचिव जगन्नाथ चटर्जी ने कार्यक्रम को लेकर बताया कि प्रधानमंत्री 20 दिसंबर को बंगाल आ रहे हैं। इसके साथ ही उन्होंने कहा, इस दौरे के दौरान प्रधानमंत्री कई सरकारी परियोजनाओं का उद्घाटन भी करेंगे। जगन्नाथ चटर्जी ने यह भी कहा कि बिहार में हाल की प्रचंड जीत के बाद प्रधानमंत्री ने भरोसा जताया है कि बंगाल में भी बदलाव देखने को मिलेगा। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि राणाघाट से चुनाव प्रचार की शुरुआत करना कोई संयोग नहीं है। नादिया जिले का राणाघाट और परगना का ठाकुरनगर, दोनों इलाके मतुआ समुदाय के लिए जाने जाते हैं। इसलिए भाजपा मतुआ मतदाताओं के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए यहीं से प्रचार शुरू कर रही है।

बता दे कि इस समय मतुआ समुदाय में मतदाता सूची की विशेष गहन समीक्षा (SIR) को लेकर चिंता बनी हुई है। कई लोगों को डर है कि दस्तावेजों की कमी के कारण उनका नाम मतदाता सूची से हट सकता है। हाल ही में प्रधानमंत्री मोदी ने बंगाल के भाजपा सांसदों को निर्देश दिया था कि मतदाता सूची संशोधन के दौरान लोगों के मन में कोई डर न रहे। उन्होंने खासतौर पर मतुआ समुदाय का उल्लेख करते हुए कहा था कि उन्हें भरोसा दिलाना जरूरी है, कि SIR से डरने की जरूरत नहीं है। चुनावी माहौल में प्रधानमंत्री की यह रैली बेहद अहम मानी जा रही है। इससे साफ है कि भाजपा बंगाल चुनाव में मतुआ वोट बैंक को लेकर गंभीर रणनीति के तहत आगे बढ़ रही है।


हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।