प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को News18 Rising Bharat Summit में पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु का भी जिक्र किया, जहां कुछ ही महीनों में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। उन्होंने पश्चिम बंगाल में केंद्र की आयुष्मान योजना लागू नहीं करने पर ममता सरकार पर नाराजगी जताई। साथ ही तमिलनाडु में DMK सरकार पर पीएम आवास योजना को अटकाने का भी आरोप लगाया।
अपने संबोधन में मोदी ने कहा, "बंगाल में आज तक आयुष्मान भारत योजना लागू नहीं हुई है। अगर नेक नीयत होती, तो गरीबों को 5 लाख रुपए तक का मुफ्त इलाज देने वाली इस योजना को बंगाल में रोका नहीं जाता।"
पश्चिम बंगाल की 294 सीटों पर चुनाव की सरगर्मी तेज है। पश्चिम बंगाल विधानसभा का कार्यकाल 7 मई 2026 को खत्म हो रहा है। चुनाव आयोग मार्च और अप्रैल 2026 के बीच कई चरणों में मतदान करा सकता है।
पश्चिम बंगाल में भी SIR की प्रक्रिया चल रही है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर 500 से ज्यादा न्यायिक अधिकारी वोटर लिस्ट अपडेट करने के इस अभियान की निगरानी कर रहे हैं। अंतिम मतदाता सूची 28 फरवरी 2026 को प्रकाशित होने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली TMC सत्ता बचाने की कोशिश करेगी, जबकि BJP (सुवेंदु अधिकारी) मुख्य चुनौती पेश करेगी। लेफ्ट और कांग्रेस गठबंधन भी अपनी खोई जमीन तलाशने की कोशिश में है।
तमिलनाडु पर क्या बोले PM मोदी?
PM मोदी ने इसके बाद तमिलनाडु का जिक्र करते हुए कहा, "आप भी जानते हैं कि देश में पीएम आवास योजना के तहत गरीबों के लिए पक्के घर बनवाए जा रहे हैं। तमिलनाडु में गरीब परिवारों के लिए 9.5 लाख पक्के घर आवंटित किए गए हैं, लेकिन इनमें से 3 लाख घरों का निर्माण अटक गया है, क्योंकि DMK सरकार गरीबों के घरों के निर्माण में दिलचस्पी नहीं ले रही है। क्योंकि नीयत नेक नहीं है।"
तमिलनाडु की 234 सीटों के लिए भी चुनाव बेहद करीब हैं। वर्तमान विधानसभा का कार्यकाल 10 मई 2026 को खत्म हो रहा है। इसलिए चुनाव मार्च-अप्रैल 2026 में कराए जा सकते हैं।
चुनाव आयोग ने SIR की प्रक्रिया पूरी कर ली है। 23 फरवरी 2026 को फाइनल वोटर लिस्ट जारी की गई, जिसमें तमिलनाडु में कुल 5.6 करोड़ मतदाता हैं। इस प्रक्रिया के दौरान करीब 74 लाख फर्जी या मृत नाम हटाए गए हैं।
मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार ने 26-27 फरवरी 2026 को चेन्नई का दौरा कर तैयारियों की समीक्षा की। राजनीतिक दलों ने चुनाव को एक ही चरण में कराने का सुझाव दिया है।
सत्ताधारी DMK (एम.के. स्टालिन), मुख्य विपक्षी दल AIADMK (ई.के. पलानीस्वामी), बीजेपी और विजय की नई पार्टी TVK इस बार मैदान में होंगे।