Petrol Pump Scam Rajasthan: अगर आप भी पेट्रोल पंप पर फ्यूल भरवाते समय मीटर पर ‘0’ देखकर संतुष्ट हो जाते हैं, तो आपको जगाने के लिए यह खबर काफी है। जी हां, दरअसल राजस्थान से एक ऐसा “साइलेंट स्कैम” सामने आया है, जो पहली नजर में पकड़ में नहीं आता था। स्क्रीन पर मीटर तो पूरा चल रहा था, लेकिन असल में गाड़ी की टंकी में उतना ईंधन नहीं पहुंच रहा था, जितना दिखाया जा रहा था।
राजस्थान में उपभोक्ता मामलों के विभाग की औचक छापेमारी में इस गड़बड़ी का बड़ा खुलासा हुआ है। जांच में 7 शहरों में फैले इस नेटवर्क का पता चला, जहां कई पेट्रोल पंपों पर सिस्टम से छेड़छाड़ की जा रही थी। जांच में यह भी सामने आया कि कई पंप हर 5 लीटर पर 30 ML तक कम पेट्रोल-डीजल दे रहे थे। विभाग ने सख्त कार्रवाई करते हुए राज्यभर के 25 पेट्रोल पंपों के 43 नोजल जब्त कर उन्हें सील कर दिया है।
जानिए कैसे कट रही थी आपकी जेब?
जांच में यह बात सामने आई कि कुछ पेट्रोल पंप संचालक आधुनिक तकनीक और नोजल में छेड़छाड़ करके हर 5 लीटर पर करीब 30 से 60 मिलीलीटर तक कम ईंधन दे रहे थे। यह मात्रा देखने में बहुत छोटी लगती है और आम ग्राहक को इसका अंदाजा भी नहीं होता। लेकिन जब दिनभर में हजारों वाहन यहां ईंधन भरवाते हैं, तो यह “छोटी-छोटी कटौती” मिलकर एक बड़े खेल में बदल जाती है, जो हर महीने लाखों रुपये के नुकसान का कारण बनती है।
विभागीय आकलन के मुताबिक, सिर्फ इन 25 चिन्हित पेट्रोल पंपों के जरिए ही ग्राहकों की जेब से हर महीने करीब 4 लाख रुपये तक अतिरिक्त वसूली की जा रही थी।
इन 7 शहरों के पेट्रोल पंप पर गिरी गाज
उपभोक्ताओं के लिए विभाग की सलाह
उपभोक्ता मामलों के विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि पेट्रोल भरवाते समय इन बातों का जरूर ध्यान रखें:
मीटर की रीडिंग ध्यान से देखें। 5 लीटर टेस्ट माप से जांच करवाने का अधिकार इस्तेमाल करें। हमेशा रसीद लें। जल्दबाजी और भीड़ में खास सावधानी रखें। कम डिलीवरी का शक हो तो तुरंत शिकायत करें।