सोशल मीडिया के ट्रोल्स आजकल किसी न किसी को निशाना बनाते रहते हैं, लेकिन 63 साल की स्टोरीटेलर और रिलेशनशिप एक्सपर्ट सीमा आनंद ने इसकी सारी हदें पार कर दीं। हाल ही में शुभांकर मिश्रा के पॉडकास्ट में रिश्तों और इंटिमेसी जैसे संवेदनशील मुद्दों पर खुलकर बोलने के बाद वे ट्रोलिंग के शिकार हो गईं। कुछ लोग उनकी फोटोज को AI से एडिट कर अश्लील बना रहे थे, जिससे परेशान होकर सीमा ने इंस्टाग्राम पर एक तीखा वीडियो शेयर किया।
वीडियो में सीमा भावुक लेकिन डटी हुई नजर आ रही हैं। वे कहती हैं, "पिछले हफ्ते मेरी कुछ तस्वीरें AI से न्यूड बनाकर वायरल की गईं। एफआईआर दर्ज हो चुकी है, लेकिन ये घिनौनी मानसिकता देखकर मन डर जाता है।" एक एडिटेड फोटो का जिक्र करते हुए वे बताती हैं कि उनका चेहरा किसी छोटे कपड़े वाले बॉडी पर चिपकाया गया था। इसे 'रेपिस्ट माइंडसेट' करार देते हुए सीमा ने युवाओं से सवाल किया, "तुम्हारे पास न जॉब है, न हॉबी, बस घर बैठे लड़कियों-औरतों की न्यूड्स बना रहे हो? मेरी न्यूड्स चाहिए तुम्हें? मैं 63 साल की हूं!"
कैप्शन में सीमा ने लिखा कि इंटरनेट पर सच्ची बातों को तोड़-मरोड़कर व्यूज कमाने की होड़ लगी है, जबकि असली मुद्दे दब जाते हैं। ट्रोल्स ने उनकी उम्र, लुक्स और बेबाकी पर हमले किए, लेकिन सीमा ने साफ कहा कि उनका मकसद लोगों को शर्म से आजाद कर रिश्तों की सच्चाई सिखाना है। पॉडकास्ट क्लिप वायरल होने से जेन जेड में उनकी सर्च बढ़ गई, जो उनकी कहानियों से इंटिमेसी सीख रहे हैं।
सीमा आनंद लंदन में माइथोलॉजिस्ट हैं, जो कामसूत्र और प्राचीन कहानियों से आधुनिक रिलेशनशिप टिप्स देती हैं। उनके TEDx टॉक्स और किताबें लाखों को इंस्पायर कर चुकी हैं। ये विवाद समाज की डबल स्टैंडर्ड दिखाता है - खुली बातें पसंद आती हैं, लेकिन ट्रोलिंग पर असहमति हो। सीमा का ये स्टैंड न सिर्फ ट्रोल्स को आईना दिखाता है, बल्कि बाकी महिलाओं को हिम्मत भी देता है।
सीमा ने अपने पोस्ट में यह भी लिखा कि समाज में महिलाओं को उम्र के साथ चुप रहने की सलाह दी जाती है, लेकिन वह इस सोच को तोड़ना चाहती हैं। उन्होंने कहा कि उनकी पहचान उनके काम और विचारों से है, न कि उनकी उम्र या शरीर से। सीमा के इस साहसिक बयान के बाद कई यूज़र्स ने उन्हें सराहा। लोगों ने कहा कि वह उन महिलाओं के लिए प्रेरणा हैं जो समाज की रूढ़िवादी सोच से जूझ रही हैं। वहीं कुछ ने यह भी लिखा कि सीमा का जवाब ट्रोल्स को आईना दिखाने जैसा है।