Get App

Budget 2022: घरेलू ज्वैलरी इंडस्ट्री की डिमांड बजट में कम की जाए GST की दरें

Union Budget 2022: ज्वैलरी इंडस्ट्री सरकार से GST की दर को 3 फीसदी से घटाकर 1.25 फीसदी करने की मांग कर रही है

MoneyControl Newsअपडेटेड Jan 21, 2022 पर 12:03 PM
Budget 2022: घरेलू ज्वैलरी इंडस्ट्री की डिमांड बजट में कम की जाए GST की दरें
Budget 2022: घरेलू ज्वैलरी इंडस्ट्री की डिमांड बजट में कम की जाए GST की दरें

Budget Expectation 2022: 1 फरवरी 2022 को वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण बजट पेश करेंगी। बजट में अपनी उम्मीदों का पिटारा सभी सेक्टर्स के कारोबारी अलग-अलग माध्यमों से वित्तमंत्री को भेज रहे हैं। कारोबारी बजट से उम्मीद कर रहे हैं कि वह ऐसा हो जो कोविड-19 की तीसरी लहर के समय अर्थव्यवस्था को बूस्ट दे और कारोबार को बढ़ाने में मदद करें। देश का घरेलू ज्वैलरी कारोबार भी वित्त मंत्री के आगे अपनी उम्मीदें रख रहे हैं। वह सरकार से जीएसटी

दिल्ली की बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन के चेयरमैन योगेश सिंघल ने कहा कि ज्वैलरी इंडस्ट्री सरकार से GST की दर को 3 फीसदी से घटाकर 1.25 फीसदी करने की मांग कर रही है। साथ ही पैन कार्ड के जरिये खरीदारी करने की सीमा दो लाख रुपये से बढ़ाकर 5 लाख रुपये करने की भी अपील कर रही है। एसोसिएशन का कहना है कि कई ग्रामीण इलाकों में परिवारों के पास पैन कार्ड नहीं होता। इसके कारण कई बार परेशानी होती है।

सिंघल ने कहा कि 10 ग्राम गोल्ड ज्वेलरी कैश मे खरीदने की छूट दी क्योंकि गरीब से गरीब परिवार भी अपनी बेटी की शादी मे जेवर उसकी सामाजिक सुरक्षा के लिये देता है। पुराने जेवर की खरीद मूल्य को नये जेवर की बिक्री मूल्य से घटाकर जीएसटी टैक्स लगाया जाए।

सोना, चांदी, हीरा की खरीद बिक्री के लाभ पर लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन 20% से घटाकर 10% व शॉर्ट टर्म 30% से घटाकर 20% होना चाहिये। ज्वेलरी की खरीद पर पर ऑटो इंडस्ट्री की तरह लोन की सुविधा मिलनी चाहिये।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें