Budget 2023: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) अब से थोड़ी देर में अगले वित्त वर्ष 2023-24 का बजट यानी सरकार का लेखा-जोखा पेश करने वाली हैं। यह मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का आखिरी पूर्ण बजट और सीतारमण की तरफ से पांचवा बजट पेश होगा। निर्मला सीतारमण आज पांचवी बार बजट पेश करेंगी और अब तक चार बार में उन्होंने कई रिकॉर्ड्स कायम किए, नई शुरुआत की और अहम ऐलान भी किए। यहां इन सभी के बारे में बताया जा रहा है।
सबसे पहले बात करते हैं रिकॉर्ड्स की तो जब निर्मला सीतारमण ने पहली बार बजट पेश किया था तो यह रिकॉर्ड बन गया कि ऐसा करने वाली वह पहली पूर्णकालिक महिला वित्त मंत्री थीं। इससे पहले इंदिरा गांधी ने प्रधानमंत्री रहते हुए वित्त मंत्री के अतिरिक्त प्रभार के रूप में बजट पेश किया था। इसके अलावा उन्होंने वर्ष 2020 में अब तक का सबसे लंबा भाषण दिया। वह 2 घंटे और 42 मिनट बोली थीं और दो पेज अभी भी बचे हुए थे। स्वास्थ्य की वजह से उन्हें अपना भाषण छोटा करना पड़ा लेकिन फिर भी यह सबसे लंबा भाषण बन गया।
इससे पहले यह रिकॉर्ड जसवंत सिंह के नाम पर था जिन्होंने 2003 में 2 घंटे 15 मिनट स्पीच दिया। हालांकि शब्दों की संख्या के हिसाब से सबसे लंबा बजट भाषण डॉ मनमोहन सिंह का था जिन्होंने 1991 में बजट पेश करते समय 18650 शब्दों का इस्तेमाल किया।
निर्मला सीतारमण ने पहले ही बजट में नई शुरुआत की। उन्होंने अपना पहले बजट में चमड़े के ब्रीफकेस की बजाय लाल रेशमी बैग में बजट डॉक्यूमेंट ले जाने की परंपरा शुरू की। इस बैग पर राष्ट्रीय प्रतीक अंकित था। वहीं कोरोना महामारी के दौरान 2021 में उन्होंने पहला पेपरलेस बजट पश किया। उन्होंने बजट भाषण डिजिटल टैबलेट के जरिए पढ़ा। पिछले साल भी पेपरलेस बजट की परंपरा जारी रही।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपना पहला बजट 5 जुलाई 2019 को पेश किया था। इसमें जल्द नई शिक्षा नीति लाने, 2024 तक ‘हर घर जल’ के लिए नई इंटीग्रेटेड वाटर मिनिस्ट्री, स्टार्ट अप्स के लिए टीवी चैनल, प्रत्येक पंचायत में इंटरनेट पहुंचाने का लक्ष्य, एनआरआई को आधार कार्ड, सरकार पीएसयू बैंकों को 6 महीने के लिए क्रेडिट गारंटी , एनपीएस ट्रस्ट को पीएफआरडीए से अलग करने, स्टार्ट अप्स के लिए एंजल टैक्स में छूट, ऑप्शन एक्सजसाइज पर एसटीटी में राहत,सालाना 1 करोड़ से ज्यादा कैश एक बैंक से निकालने पर 2 प्रतिशत टीडीएस, पहले से भरा हुआ टैक्स फॉर्म उपलब्ध और सरचार्ज में बढ़ोतरी जैसे अहम ऐलान हुए।
निर्मला सीतारमण ने अपना दूसरा बजट 1 फरवरी 2020 को पेश किया। इसमें किसान रेल, कृषि उड़ान, ईएनडब्ल्यूआर का ई—नाम के साथ एकीकरण, मनरेगा को चारागार के रूप में विकसित करने, नई शिक्षा नीति जल्द, राष्ट्रीय पुलिस यूनिवर्सिटी और राष्ट्रीय न्यायिक विज्ञान यूनिवर्सिटी का प्रस्ताव, पीपीपी मॉडल पर 5 नई स्मार्ट सिटी, राष्ट्रीय लॉजिस्टिक पॉलिसी जल्द, कंपनी अधिनियम में कुछ संशोधन, बैंकों में 5 लाख रुपये तक की जमा सुरक्षित, इंडिविजुअल्स के लिए टैक्स रेट में गिरावट जैसे अहम ऐलान हुए।
1 फरवरी 2021 को वित्त मंत्री ने तीसरी बार बजट पेश किया। इसमें जल जीवन मिशन शहरी लॉन्च करने, सप्लीमेंट्री पोषण कार्यक्रम और पोषण अभियान के विलय और मिशन पोषण 2.0, पीएम आत्मनिर्भर स्वस्थ भारत योजना, वॉलंटरी व्हीकल स्क्रैपिंग पॉलिसी, ग्राहकों को बिजली कंपनी खुद चुनने का प्रावधान, डूबे कर्जों पर मैनेजमेंट कंपनी बनाने, सिर्फ पेंशन और ब्याज पाने वाले 75 वर्ष से अधिक उम्र के सीनियर सिटीजन्स को रिटर्न फाइल करने से राहत, 3 साल पुराने टैक्स मामले नहीं खोलने जैसे अहम ऐलान हुए।
पिछले साल केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 1 फरवरी 2022 को अपना चौथा बजट पेश किया। इसमें LIC का IPO लाने, NPA से निपटने के लिए बैड बैंक, किसान ड्रोन को बढ़ावा देने, डिजिटल यूनिवर्सिटी बनाने, हेल्थ इंफ्रा के लिए डिजिटल नेटवर्क, नेशनल टेली मेंटल हेल्थ प्रोग्राम लॉन्च करने, चिप आधारित पासपोर्ट, डिजिटल करेंसी, क्रिप्टो से मुनाफे पर टैक्स, LTCG पर सरचार्ज 15% तक सीमित जैसे अहम ऐलान हुए।