करीब तीन साल पहले ऑटो रिक्शा लगाने वाले एक शख्स के खाते में गलती से ₹9,000 करोड़ जमा हुए थे। इसके बाद प्राइवेट सेक्टर का दिग्गज बैंक तमिलनाड मर्केंटाइल बैंक (Tamilnad Mercantile Bank) जांच के घेरे में आ गया था। पैसा तो आधे घंटे के भीतर ही रिवर्स हो गया था लेकिन इस घटना ने बैंक के रिस्क मैनेजमेंट और विश्वसनीयता को लेकर सवाल खड़े कर दिए। हालांकि तूतीकोरिन में स्थित इस बैंक ने धीरे-धीरे अपनी तकनीकी क्षमताओं को मजबूत किया है और अब वह रियल-टाइम ट्रांजैक्शन मॉनिटरिंग और एआई-एनेबल्ड सिस्टम की तरफ बढ़ रहा है।
