Get App

जून में मंहगाई दर में मामूली कमी, यह RBI के टारगेट से अब भी ज्यादा, यहां जानिए डिटेल

जून में रिटेल इनफ्लेशन 7.01 फीसदी रहा। मई में यह 7.04 फीसदी था। लेकिन अब भी यह RBI के टारगेट से ऊपर है। केंद्र सरकार महंगाई दर पर काबू पाने की लगातार कोशिश कर रही है उसके बावजूद इसमें बहुत ज्यादा कमी नजर नहीं आ रही है

MoneyControl Newsअपडेटेड Jul 12, 2022 पर 6:39 PM
जून में मंहगाई दर में मामूली कमी, यह RBI के टारगेट से अब भी ज्यादा, यहां जानिए डिटेल
जून में महंगाई दर अब भी रिजर्व बैंक के टारगेट से ज्यादा है

जून में महंगाई दर में मामूली कमी आई है। सरकार ने मंगलवार (12 जुलाई) शाम रिटेल इनफ्लेशन के डेटा जारी किए। जून में खुदरा महंगाई दर में मई के मुकाबले मामूली कमी आई है। जून में रिटेल इनफ्लेशन 7.01 फीसदी रहा। मई में यह 7.04 फीसदी था। लेकिन यह अब भी RBI के टारगेट से ऊपर है।

RBI और केंद्र सरकार की कोशिशों के बावजूद महंगाई दर में ज्यादा कमी नहीं आई है। लगातार छठे महीने खुदरा महंगाई दर (CPI) रिजर्व बैंक के टारगेट से ऊपर है। रिजर्व बैंक ने महंगाई दर के लिए 2-6% तक का टारगेट फिक्स किया है। मई 2022 में खुदरा महंगाई दर 7.04% थी। अप्रैल में महंगाई दर 7.79% रही। मार्च में यह 6.95 फीसदी दर थी।

रिटेल इनफ्लेशन लगातार टारगेट से ऊपर रहने के बाद RBI ने अचानक मई के पहले हफ्ते में रेपो रेट बढ़ा दिया। फिर, उसने जून में भी रेपो रेट में वृद्धि की थी। इससे यह साफ हो गया है कि केंद्रीय बैंक का फोकस तेजी से बढ़ते इनफ्लेशन को कंट्रोल करने पर है। लगातार दो महीने में वृद्धि के बाद रेपो रेट 0.90 फीसदी बढ़ चुका है।

अब दुनियाभर की नजरें अमेरिका की महंगाई दर पर टिकी है। अमेरिकी महंगाई दर के आंकड़े 13 जुलाई को आने वाले हैं। अमेरिका में इनफ्लेशन 40 साल के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया है। इसे काबू में करने के लिए फेडरल रिजर्व (अमेरिकी केंद्रीय बैंक) इंटरेस्ट रेट में दो बार वृद्धि कर चुका है। माना जा रहा है कि वह आगे भी इंटरेस्ट रेट बढ़ाएगा।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें