ग्लोबल ब्रोकरेज फर्म CLSA ने कहा है कि एलॉन मस्क की कंपनी टेस्ला की भारत में एंट्री से मारुति सुजुकी, हुंडई मोटर्स और टाटा मोटर्स सहित अन्य घरेलू व्हीकल मैन्युफैक्चरर्स पर कोई खास असर नहीं पड़ेगा। टेस्ला का सबसे सस्ता कार मॉडल अमेरिका में 35,000 डॉलर (30 लाख रुपये से अधिक) में बिकता है। CLSA ने अपने नोट में बताया है कि यह भारत में कारों के एवरेज सेलिंग प्राइस लगभग 12 लाख रुपये से काफी अधिक है। ब्रोकरेज ने कहा कि ऊंची कीमतों के साथ-साथ टेस्ला कारों पर 110 प्रतिशत तक का काफी अधिक आयात शुल्क (Import Duty) भी लगेगा।
