यूक्रेन संकट (Ukraine Conflict) का सबसे ज्यादा असर पेट्रोलियम की सप्लाई पर पड़ने का अनुमान है। इसकी वजह यह है कि रूस दुनिया के बड़े तेल उत्पादक देशों में शामिल है। यह रोजाना करीब 1.1 करोड़ बैरल क्रूड आयल का उत्पादन करता है। हालांकि, यह इसका आधा हिस्सा खुद इस्तेमाल करता है। यह रोजाना करीब 50 से 60 लाख बैरल एक्सपोर्ट करता है।
