Get App

Ashneer Grover विवाद: इंटरनल गवर्नेंस को मजबूत करने के लिए स्वतंत्र ऑडिट करेगा BharatPe

CEO सुहैल समीर ने Moneycontrol को दिए एक इंटरव्यू में बताया कि बोर्ड इस मामले पर कार्रवाई करने के लिए एकजुट है

MoneyControl Newsअपडेटेड Jan 28, 2022 पर 8:44 AM
Ashneer Grover विवाद: इंटरनल गवर्नेंस को मजबूत करने के लिए स्वतंत्र ऑडिट करेगा BharatPe
स्वतंत्र ऑडिट करेगा BharatPe

भारतपे (BharatPe) इन दिनों अपने संस्थापक अशनीर ग्रोवर (Ashneer Grover) के चलते एक विवाद का सामना कर रहा है, इसी के कारण ग्रोवर 31 मार्च तक छुट्टी पर हैं। इस विवाद के बाद अब BharatPe अपने इंटरनल गवर्नेंस नियमों को मजबूत करने के लिए एक स्वतंत्र ऑडिट करने जा रहा है।

इस बीच भारतपे के CEO सुहैल समीर ने Moneycontrol को दिए एक इंटरव्यू में बताया कि बोर्ड इस मामले पर कार्रवाई करने के लिए एकजुट है और इंटरनल गवर्नेंस नियमों की समीक्षा 31 मार्च तक पूरी हो जानी चाहिए यानी ग्रोवर की छुट्टी खत्म होने से पहले।

Reuters ने एक सूत्र के हवाले से बताया कि ऑडिट इस बात का आकलन करेगा कि क्या भारतपे के वरिष्ठ अधिकारी व्यक्तिगत निवेश (Personal Investment) के बारे में सही तरीके से इंटरनल डिस्कलोजर कर रहे हैं और जांच कर रहे हैं, जिससे एक नया कोड ऑफ कंडक्ट बन रहा है।

भारतपे, जो दुकान मालिकों को QR कोड के जरिए डिजिटल पेमेंट की सुविधा देता है, उसके सह-संस्थापक अशनीर ग्रोवर की तरफ से कोटक महिंद्रा बैंक के प्रमुख उदय कोटक से हर्जाने की मांग के बाद बड़ी निवेशक जांच और विवाद में फंस गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि बैंक ने पर्सनल इनवेस्टमेंट के लिए फाइनेंसिंग से इनकार कर दिया।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें