Adani Wilmar Q1 Results: एडिबल ऑयल बनाने वाली कंपनी अदाणी विल्मर को मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 79 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा हुआ। कंपनी ने बताया कि कूकिंग ऑयल की कीमतों में गिरावट और इनकम में कमी के चलते उसे यह घाटा हुआ है। इसके पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में कंपनी ने 194 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा दर्ज किया था। अदाणी विल्मर का कुल इनकम जून तिमाही में 12 फीसदी गिरकर 12,928 करोड़ रुपये रहा, जो एक साल पहले इसी तिमाही में 14,724 करोड़ रुपये था। अदाणी विल्मर ने बुधवार 2 अगस्त को जून तिमाही के नतीजे जारी करते हुए यह जानकारी दी।
अदाणी विल्मर, अरबपति उद्योगपति गौतम अदाणी की अगुआई वाले अदाणी ग्रुप की कंपनी है। यह 'फॉर्चून (Fortune)' ब्रांड के तहत एडिबल ऑयल और दूसरे फूड आइटम्स बेचती है।
वॉल्यूम के हिसाब से कंपनी की ग्रोथ जून तिमाही में 25 फीसदी बढ़कर 14.9 लाख टन रहा, जो एक साल पहले इसी तिमाही में 11.9 लाख टन रहा। अदाणी विल्मर के एमडी और सीईओ अंगशु मल्लिक ने कहा, "जून तिमाही के दौरान एडिबल ऑयल की कीमतों में गिरावट और इनवेंट्री लागत में बढ़ोतरी के चलते हमारे मार्जिन पर असर पड़ा।"
उन्होंने कहा, "हालांकि गिरती कीमतों के साथ हमने एडिबल ऑयल बिजनेस में फिर से रफ्तार हासिल कर ली है। एडिबल ऑयल की कीमतों में नरमी इंडस्ट्री के लिए अच्छा संकेत हो सकता है।" मल्लिक ने कहा कि कंपनी कई स्थानीय ब्रांडों से मार्केट शेयर हासिल कर रही है। साथ ही कई नए मार्केट में प्रवेश कर रही है।
सेगमेंट के आधार पर प्रदर्शन देखें तो, अदाणी विल्मर का एडिबल ऑयल बिजनेस का रेवेन्यू जून तिमाही में 14 फीसदी गिरकर 9,845 करोड़ रुपये रहा, जो एक साल पहले इसी तिमाही में 11,511 करोड़ रुपये था। हालांकि इसके फूड और FMCG सेगमेंट का रेवेन्यू 28 फीसदी बढ़कर 1,097 करोड़ रुपये रहा।
इस बीच अदाणी विल्मर के शेयर बुधवार को 2.74 फीसदी गिरकर 401.80 रुपये के भाव पर बंद हुए। पिछले एक महीने में कंपनी के शेयरों में करीब 1.10 फीसदी की गिरावट आई है।