Infosys Q1 Results: देश की दूसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी इंफोसिस (Infosys) ने गुरुवार 20 जुलाई को मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही (अप्रैल-जून 2023) के नतीजे जारी किए। कंपनी ने बताया कि जून तिमाही में उसका शुद्ध मुनाफा 11 फीसदी बढ़कर 5,945 करोड़ रुपये रहा, जो इसके पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में 5,362 करोड़ रुपये था। हालांकि कंपनी का यह मुनाफा एक्सपर्ट्स के अनुमानों से कम रहा है। एक्सपर्ट्स को जून तिमाही में इंफोसिस का मुनाफा 6,193.5 करोड़ रुपये रहने का अनुमान था। कंपनी का कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू जून तिमाही में सालाना आधार पर 10 फीसदी बढ़कर 37,933 करोड़ रुपये रहा। वहीं इसका ऑपरेटिंग मार्जिन 20.8 फीसदी रहा, जो इसकी पिछली तिमाही में रहे 21 फीसदी से कम है।
आईटी कंपनी ने इसके साथ वित्त वर्ष 2024 के अपने रेवेन्यू अनुमानों में भी 1 से 3.5% तक की कटौती की है। पहले इसने इस वित्त वर्ष में अपने रेवेन्यू के 4 से 7 फीसदी के बीच रहने का अनुमान जताया था। हालांकि इसने ऑपरेटिंग मार्जिन के अनुमान को 20-22% पर बरकरार रखा है।
इंफोसिस ने बताया कि जून तिमाही में उसे मिले बड़ी डील की कुल कॉन्ट्रैक्ट वैल्यू 2.3 अरब डॉलर रही, जो इसके पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में 2.1 अरब डॉलर था। कंपनी ने यह सूचना ऐसे समय में दी है, जब उसे हाल ही 2 प्रमुख डील मिलने का ऐलान किया था। इसमें BP के साथ 1.5 अरब डॉलर की एक डील और दूसरा डांस्के बैंक के साथ हुआ 45.4 करोड़ डॉलर का समझौता शामिल है।
आईटी कंपनी ने इस सप्ताह यह भी ऐलान किया कि उसने आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (AI) और ऑटोमेशन-आधारित विकास, आधुनिकीकरण और रखरखाव सेवाएं देॉने के लिए एक मौजूदा ग्राहक के साथ एक समझौता किया है, जहां 5 सालों में खर्च 2 बिलियन डॉलर होगा।
इंफोसिस के नतीजे शेयर बाजार का कारोबार बंद होने के बाद आया है। गुरुवार को कंपनी के शेयर एनएसई पर 2.18 फीसदी गिरकर 1,442.75 रुपये के भाव पर बंद हुए। हालांकि पिछले एक महीने में कंपनी के शेयरों में 11.04 फीसदी की तेजी आई है।