SpiceJet Q2 Results: घरेलू एयरलाइन कंपनी स्पाइसजेट एक बार फिर घाटे में चली गई। मौजूदा वित्त वर्ष की जुलाई-सितंबर (दूसरी) तिमाही में एयरलाइन ने 431.54 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा दर्ज किया। जबकि इसके पिछली तिमाही में एयरलाइन मुनाफे में रही थी। एयरलाइन के बोर्ड ने मंगलवार 12 दिसंबर को कंपनी के सितंबर तिमाही के नतीजे जारी किए। स्पाइजेट ने बताया कि सितंबर तिमाही में उसे 431.54 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा हुआ। एक साल पहले भी इसी तिमाही में कंपनी को 837.8 करोड़ रुपये का घाटा हुआ। हालांकि गुरुग्राम मुख्यालय वाली स्पाइसजेट ने अप्रैल-जून तिमाही में 197.53 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा दर्ज किया था।
कंपनी का रेवेन्यू सितंबर तिमाही में 27 फीसदी घटकर 1,425.29 करोड़ रुपये रहा, जो एक साल पहले इसी तिमाही में 1,952.61 करोड़ रुपये रहा था। कंपनी के रेवेन्यू में यह गिरावट ऐसे समय में आई है, जब देश में हवाई यात्रियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। पिछली लगातार तीन तिमाहियों से घरेलू ट्रैवल की मांग में इजाफा देखा गया है। जून तिमाही में एयरलाइन का रेवेन्यू 2,003.5 करोड़ रुपये रहा था।
एयरलाइन ने कहा कि सितंबर तिमाही में उसका प्रत्येक उपलब्ध सीट-किलोमीटर पर पैसेंजर रेवेन्यू बढ़कर 11 फीसदी पर पहुंच गया, जो एक साल पहले इसी तिमाही में 8 फीसदी था। वहीं लोड फैक्टर में सालाना आधार पर 3 फीसदी की बढ़ोतरी हुई। एयरलाइन ने तिमाही के लिए अपनी उपलब्ध सीट मील (ASKM) आंकड़ा शेयर नहीं की। एयरलाइन ने कहा कि देश की सभी एयरलाइनों में उसका लोड फैक्टर सबसे अधिक है।
SpiceJet के प्लान को बोर्ड की मंजूरी
स्पाइसजेट के बोर्ड ने आज 2254 करोड़ रुपये के एक प्रस्ताव को मंजूरी दी है। इस प्रस्ताव के तहत कंपनी 13 करोड़ कंवर्टिबल वारंट्स और 50 रुपये के भाव पर 32.08 करोड़ नए शेयर जारी कर 2254 करोड़ रुपये जुटाएगी। स्पाइसजेट प्रभुदास लीलाधर एडवायजरी सर्विसेज, एलकेपी फाइनेंस, मार्टिना डेवलपमेंट और फिनकॉन समेत 64 को कंवर्टिबल वारंट्स जारी किए जाएंगे। वहीं नए शेयरों के लिए स्पाइसजेट ने जो भाव फिक्स फिक्स किया है, वह आज 12 दिसंबर को BSE पर क्लोजिंग प्राइस 58.04 रुपये से करीब 14 फीसदी डिस्काउंट पर है। आज इसके शेयर 4.18 फीसदी कमजोर हुए हैं।