केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने जनगणना भवन में नागरिक पंजीकरण प्रणाली (सीआरएस) मोबाइल एप्लिकेशन लॉन्च कर दिया है। इस ऐप के जरिए अब घर बैठे जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र के लिए रजिस्ट्रेशन करा सकेंगे। 29 अक्टूबर (मंगलवार) को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने जन्म और मृत्यु रजिस्ट्रेशन के लिए इस मोबाइल ऐप को लॉन्च किया। इस दौरान केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि इस ऐप के जरिए रजिस्ट्रेशन करना बेहद आसन हो जाएगा। कई तरह के झंझट से मुक्ति मिल जाएगी। इतना ही नहीं इस ऐप के लॉन्च होने से सरकारी दफ्तर के चक्कर काटना और लंबी लाइन से छुटकारा मिल जाएगा।
इस ऐप में किसी भी व्यक्ति के जन्म और मृत्यु होने के 21 दिन के भीतर ऑनलाइन रिकॉर्ड दर्ज करना होगा। इसके बाद रिकॉर्ड रजिस्ट्रार ऑफिस पहुंचेगा। जांच पड़ताल के बाद प्रमाण पत्र ऑनलाइन मिल जाएगा। इस ऐप को कोई भी व्यक्ति कहीं भी बैठे बैठ कर इस्तेमाल कर सकता है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अगर आप 21 दिनों के भीतर रजिस्ट्रेशन नहीं कर पाते हैं तो फिर अतिरिक्त शुल्क देना होगा। इसके लिए देश के किसी भी आम आदमी को 22 से 30 दिनों के अंदर 2 रुपये शुल्क देना होगा। 31 दिन से एक साल तक 5 रुपये की लेट फीस जमा करानी होगी। इसी के साथ-साथ ज्यादा पुराने प्रमाण पत्रों के लिए 10 रुपये का शुल्क तय किया गया है। कहने का मतलब ये हुआ कि अधिकतम लेट शुल्क 10 रुपये है। इस मौके पर गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि इस ऐप के जरिए देश के नागरिक किसी भी समय राज्य की आधिकारिक भाषा में रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। इससे कई तरह के झंझटों से छुटकारा मिलेगा। सबसे खास बात इस पोर्टल की यह है कि जन्म और मृत्यु को लेकर प्रमाण पत्रों की धोखाधड़ी से व्यक्ति बचा रहेगा।