Direct Tax Collection: चालू वित्त वर्ष 2024-25 में 10 अक्टूबर तक नेट डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन 18.3 प्रतिशत बढ़कर लगभग 11.25 लाख करोड़ रुपये रहा। शुक्रवार को जारी सरकारी आंकड़ों के अनुसार, इसमें 5.98 लाख करोड़ रुपये का पर्सनल इनकम टैक्स कलेक्शन और 4.94 लाख करोड़ रुपये का कॉरपोरेट टैक्स कलेक्शन शामिल है। सिक्योरिटीज ट्रांजेक्शन टैक्स (STT) 30,630 करोड़ रुपये रहा, जबकि अन्य टैक्सेज (इक्विलाइजेशन लेवी और गिफ्ट टैक्स समेत) से 2,150 करोड़ रुपये हासिल हुए।
आयकर विभाग ने एक साल पहले इसी अवधि के दौरान 9.51 लाख करोड़ रुपये का डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन जुटाया था। 1 अप्रैल से 10 अक्टूबर के बीच 2.31 लाख करोड़ रुपये का रिफंड जारी किया गया, जो सालाना आधार पर 46 प्रतिशत की वृद्धि है।
ग्रॉस डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन 22 प्रतिशत बढ़ा
इस बीच ग्रॉस डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन सालाना आधार पर 22.3 प्रतिशत बढ़कर 13.57 लाख करोड़ रुपये हो गया। इस कलेक्शन में 7.13 लाख करोड़ रुपये का पर्सनल इनकम टैक्स और 6.11 लाख करोड़ रुपये का कॉरपोरेट टैक्स शामिल है। सरकार ने चालू वित्त वर्ष में डायरेक्ट टैक्सेज से 22.07 लाख करोड़ रुपये जुटाने का लक्ष्य रखा है।
वित्त वर्ष 2024 में कितना आया टैक्स
भारत का नेट डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन वित्त वर्ष 2023-24 में सालाना आधार पर 17.7 प्रतिशत बढ़कर 19.58 लाख करोड़ रुपये हो गया। यह राशि, संशोधित अनुमानों से काफी अधिक है। शुद्ध डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन वित्त वर्ष 2023-24 के दौरान बजट अनुमानों से 1.35 लाख करोड़ रुपये (7.40 प्रतिशत) और संशोधित अनुमानों से 13,000 करोड़ रुपये अधिक रहा। वित्त वर्ष 2023-24 में कुल 3.79 लाख करोड़ रुपये के रिफंड जारी किए गए।