The Kashmir Files Controversy: 'मैंने अनुपम खेर को फोन कर मांगी माफी', नदाव लपिड के बयान को इजरायल के राजदूत ने बताया 'बहुत बड़ी गलती'

The Kashmir Files Controversy: अनुपम खेर (Anupam Kher) ने कहा, मै उनका (कोब्बी शोशानी) का फोन आने से हैरान था कि वह माफी मांगना चाहते हैं। मैंने कहा कि उन्हें ऐसा करने की जरूरत नहीं है, लेकिन मुझे लगता है कि यह उनकी अच्छाई है

अपडेटेड Nov 29, 2022 पर 3:22 PM
Story continues below Advertisement
The Kashmir Files Controversy: भारत में इजरायल के राजदूत कोब्बी शोशानी ने अनुपम खेर के साथ एक ज्वाइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस की

The Kashmir Files Controversy: IFFI के जजों के पैनल के अध्यक्ष नदाव लपिड (Nadav Lapid) के द कश्मीर फाइल्स (The Kashmir Files) फिल्म को 'अश्लील प्रोपेगेंडा' (Vulgar Propaganda) बताने को लेकर विवाद काफी ज्यादा बढ़ गया है। अब इस मामले पर भारत में इजरायल के राजदूत कोब्बी शोशानी (Kobbi Shoshani) ने मंगलवार को फिल्म के मुख्य कलाकार अनुपम खेर (Anupan Kher) के साथ एक ज्वाइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस की।

उन्होंने कहा कि जब मैंने वह स्पीच सुनी, तो सबसे पहले इस बाया को लेकर माफी मांगने के लिए मैंने अनुपम खेर को फोन किया। ऐसे बयान को हम स्वीकार नहीं करते हैं। जूर में मौजूद दूसरे यूरोपीय सदस्यों की इसपर क्या राय है, वो मुझे नहीं पता, लेकिन इजरायल का इस बयान से कोई लेना-देना नहीं था।

अनुपम खेर ने कहा, "मै उनका (कोब्बी शोशानी) का फोन आने से हैरान था कि वह माफी मांगना चाहते हैं। मैंने कहा कि उन्हें ऐसा करने की जरूरत नहीं है, लेकिन मुझे लगता है कि यह उनकी अच्छाई है। उन्होंने कहा कि उन्हें फिल्म बहुत पसंद आई। यह सच है और हमारे और आपके देश में बोलने की आजादी है और लोग इसका इस्तेमाल अपने फायदे के लिए करते हैं।"


इससे पहले इजराइल के राजदूत ने नदव लपिड की 'द कश्मीर फाइल्स' पर विवादित टिप्पणी को 'बड़ी गलती' करार दिया था। उन्होंने कहा कि उनके देश का इस फिल्म को लेकर क्या नजरिया है, वो इजरायल के फिल्म डायरेक्टर के बयान से नहीं झलकता है।

उन्होंने ANI से बात करते हुए कहा, "मैंने फिल्म देखी, यह निश्चित रूप से प्रचार नहीं है। कश्मीर के लोगों की आवाज सुनने की जरूरत है... पिछली रात जो कहा गया, हम उसे बिल्कुल भी स्वीकार नहीं करते हैं।"

मैंने फिल्म देखी, तो मेरी आंखों से आंसू आ गए- इजरायल के राजदूत

शोशानी ने कहा, "जब मैंने फिल्म देखी, तो मेरी आंखों से आंसू आ गए। मैं किसी को माफी मांगने के लिए मजबूर नहीं कर सकता। अगर आप व्यक्तिगत रूप से पूछें, तो मुझे लगता है कि उन्हें माफी मांगनी चाहिए।"

राजदूत ने कहा, "भाषण के बाद मैंने उनसे कहा कि उन्होंने बहुत बड़ी गलती की है, यह ठीक नहीं है। इसलिए मैंने इस पर बयान और ट्वीट्स किए, जिससे यह साफ हो कि हम 'प्रचार' जैसे शब्दों का इस्तेमाल करने के बारे में क्या सोचते हैं। हम इसे स्वीकार नहीं करते हैं। लपिड इज़रायल का प्रतिनिधित्व नहीं कर रहे हैं।"

फिल्म "द कश्मीर फाइल्स" के साथ अपने अनुभवों के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा, जब उन्होंने फिल्म देखी तो उनकी आंखों से आंसू आ गए।

उन्होंने कहा, "इस फिल्म को देखना आसान नहीं था। मुझे लगता है कि इसे इजरायल में भी दिखाया गया था। हम यहूदी हैं, जो भयानक चीजों से पीड़ित हैं और मुझे लगता है कि हमें दूसरों के दुखों को बांटना होगा।"

उन्होंने कहा, "मेरी समज से, मैं किसी को माफी मांगने के लिए मजबूर नहीं कर सकता। अगर आप व्यक्तिगत रूप से पूछें, तो, हां मुझे लगता है कि उन्हें माफी मांगनी चाहिए, क्योंकि उन्होंने भारत में एक राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया और उन्हें ऐसा कुछ नहीं करना चाहिए था।"

'नंगा सच नहीं देख सकते हैं, तो अपनी आंखें और मुंह बंद कर लें'

वहीं अनुपम खेर ने भी इस मामले पर एक वीडियो मैसेज जारी किया। इसमें उन्होंने कहा, "कुछ लोगों को सच्चाई को वैसा ही देखने और दिखाने की आदत नहीं होती। वे इसे अपनी पसंद के अनुसार सजाकर देखने के आदी हैं। वे कश्मीर की सच्चाई को पचा नहीं पा रहे हैं, चाहते हैं कि इसे रंगीन चश्मे से दिखाया जाए और पिछले 25-30 सालों से वे ऐसा ही कर रहे हैं।"

खेर ने आगे कहा, "आज जब कश्मीर फाइल्स ने उनकी मेहनत पर पानी फेर दिया और सच को ज्यों का त्यों दिखा दिया, तो वे बेचैन हो उठे। वे समय-समय पर बेचैनी जाहिर कर रहे हैं। अगर आप भयानक, नंगा सच नहीं देख सकते हैं, तो अपनी आंखें और मुंह बंद कर लें। इसका मजाक उड़ाना बंद करें, क्योंकि हम लोग हैं, जो इससे पीड़ित हैं।"

उन्होंने कहा, "यह सच्चाई हमारे जीवन का हिस्सा बन गई है। जाओ और पीड़ितों से पूछो। भारत और इस्राइल मित्र हैं। दोनों ने आतंकवाद झेला है। एक आम इस्राइली कश्मीरी हिंदुओं का दर्द समझता है। हर देश के भीतर उसके दुश्मन रहते हैं, यह भी सच्चाई है।"

ANI से बात करते हुए अनुपम खेर ने कहा कि ऐसी बातों से सच्चाई प्रभावित नहीं होती। एक व्यक्ति या 10 व्यक्ति पूरे देश को प्रभावित नहीं करते हैं। दर्द लोगों को साथ लाता है। मुझे इजरायल से मैसेज मिले और उन्होंने अद्भुत बातें कहीं।

The Kashmir Files Controversy: IFFI के जूरी हेड नदाव लपिड ने द कश्मीर फाइल्स को बताया 'प्रोपेगेंडा', एक बार विवादों में घिरी फिल्म

दरअसल IFFI के जूर हेड और इजरायल के फिल्म डायरेक्टर नदाव लपिड (Nadav Lapid) ने मंच से इस फिल्म की कड़े शब्दों में आलोचना की और इसे एक 'अश्लील प्रोपेगेंडा' बताया।

लपिड ने कहा, "15वीं फिल्म द कश्मीर फाइल्स देखने के बाद हम सभी परेशान और हैरान थे। यह एक प्रोपेगेंडा, अश्लील फिल्म की तरह लगा, जो इस तरह के प्रतिष्ठित फिल्म समारोह के कलात्मक प्रतिस्पर्धी वर्ग के लिए सही नहीं है।"

उन्होंने कहा, "मैं इस स्तर पर यहां आपके साथ इन भावनाओं को खुले तौर पर साझा करने में पूरी तरह से सहज महसूस कर रहा हूं। इस फेस्टिवल की भावना में, हम निश्चित रूप से एक आलोचनात्मक चर्चा को भी स्वीकार कर सकते हैं, जो कला और जीवन के लिए जरूरी है।"

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।