GST Collection from Coaching Institutes: लगभग हर शहर में आपको कोचिंग संस्थान दिख जाएंगे और अब इनका दायरा गांवों तक भी बढ़ रहा है। इसका सरकार को भी फायदा हो रहा है और इसका खुलासा सरकार के ही आंकड़ों से हुआ है। कोचिंग संस्थानों से जीएसटी कलेक्शन पांच साल में करीब 146 फीसदी बढ़ा है। वित्त वर्ष 2020 में सरकार ने कोचिंग संस्थानों से 2,240.73 करोड़ रुपये की जीएसटी वसूल की थी जोकि वित्त वर्ष 2023 में 5,517.45 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। यह जानकारी राज्यसभा में केंद्रीय शिक्षा मंत्री डॉ सुकांत मजूमदार ने पिछले महीने 24 जुलाई को दिया था।
पांच साल में कोरोना महामारी के दौरान ही गिरा जीएसटी कलेक्शन
वित्त वर्ष 2020 से लगातार कोचिंग संस्थानों से जीएसटी कलेक्शन बढ़ रहा है। सिर्फ कोरोना महामारी के दौरान इसे झटका लगा था और वित्त वर्ष 2021 में कोचिंग संस्थानों से जीएसटी कलेक्शन गिरकर 2,215.24 करोड़ रुपये पर आ गया। वित्त वर्ष 2020 में इनसे 2,240.73 करोड़ रुपये की जीएसटी कलेक्ट हुई थी। सरकार ने कोचिंग संस्थानों से वित्त वर्ष 2022 में 3,045.12 करोड़ रुपये और वित्त वर्ष 2023 में 4,667.03 करोड़ रुपये की जीएसटी वसूल किया था।
RAU Coaching Study Circle इस समय चर्चा में
केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने कोचिंग इंस्टीट्यूट्स से जीएसटी कलेक्शन का 24 जुलाई को राज्यसभा में खुलासा किया था। इसके तीन दिन बाद दिल्ली में एक बड़ा हादसा हो गया। RAU Coaching Study Circle के बेसमेंट लाइब्रेरी में यूपीएससी की तैयारी करने वाले एस्पिरेंट्स की पानी में डूबकर मौत हो गई। दिल्ली पुलिस ने मामले में सात लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें कोचिंग के सीईओ अभिषेक गुप्ता और कोऑर्डिनेटर देशपाल सिंह भी शामिल हैं। दो पीड़ितों श्रेया यादव और नेविन डाल्विन के परिवार के सदस्यों ने फोन पर न्यूज एजेंसी पीटीआई को बताया कि वे सभी पीड़ितों के लिए न्याय चाहते हैं, और उन्हें मुआवजे के बारे में कोई जानकारी नहीं है क्योंकि संस्थान से किसी ने भी उनसे संपर्क नहीं किया है। परिवार ने कहा कि फिलहाल वह मुआवजे के बारे में सोचने की स्थिति में नहीं हैं।