कोडिंग प्रतियोगिता जीतने पर अमेरिकी कंपनी से मिला 33 लाख रुपए की नौकरी, लेकिन एक झटके में रिजेक्ट हुआ ऑफर, जानिए वजह

Job Offer: नागपुर के वेदांत देवकाटे को अमेरिकी कंपनी से 33 लाख रुपये सालाना वेतन का नौकरी का ऑफर मिला, लेकिन उम्र महज 15 साल होने के चलते नौकरी नहीं मिल सकी

अपडेटेड Jul 25, 2022 पर 12:04 AM
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अमेरिकी कंपनी ने वेदांत को मोटा पैकेज देने का ऐलान कर दिया। उम्र कम होने के चलते वेदांत को नौकरी नहीं मिल सकी।

Job Offer: 15 साल के वेदांत देवकाटे को वो ऑफर मिला, जिसे पाने के लिए लोग एड़ी चोटी का बल लगा देते हैं। लेकिन इतनी कड़ी मेहनत के बाद उनकी नौकरी का सपना एक झटके में चूर-चूर हो गया। दरअसल देवकाटे मे एक कठिन प्रतियोगिता जीत ली थी। जिसे बाद अमेरिका की एक कंपनी ने 33 लाख रुपये सालाना पैकेज के हिसाब से ऑफर दिया है। लेकिन जैसे ही कंपनी को पता चला कि वेदांत की उम्र बेहद कम है, उन्होंने अपना ऑफर वापस ले लिया।

दरअसल, देवकाटे अपनी मां के पुराने लैपटॉप पर इंस्टाग्राम ब्राउज कर रहे थे। तभी उन्हें एक वेबसाइट डेवलपमेंट प्रतियोगिता का लिंक मिला। उन्होंने प्रतियोगिता में प्रवेश लिया। दो दिनों में कोड की 2,066 पंक्तियां लिखीं। करीब 2 दिनों की कड़ी मेहनत के बाद वेदांत ने अपना टास्क पूरा कर लिया। अमोरिका के न्यू जर्सी की विज्ञापन एजेंसी चाहती थी कि वेदांत उनकी HRD टीम में शामिल हों। वर्क असाइन के साथ कोडर्स को मैनेज करें।

कंपनी ने कहा पढ़ाई पूरी करें


जब कंपनी को पता चला कि वेदांत सिर्फ 15 साल का है  तो कंपनी ने अपना प्रस्ताव वापस ले लिया। उसे दुनिया भर से करीब 1,000 लोगों में सेलेक्ट किया गया था। कंपनी ने वेदांत को सुझाव देते हुए कहा है कि वो निराश न हों। सबसे पहले अपनी शिक्षा पूरी करें और फिर नौकरी के लिए उनसे संपर्क कर सकते हैं। फर्म ने वेदांत को लिखा, हम आपके अनुभव, व्यावसायिकता और दृष्टिकोण से प्रभावित हैं। टीम ने आपकी प्रजेंटेशन को पसंद किया। हमारी रणनीति में आपकी अंतर्दृष्टि को महत्व दिया। बता दें कि वेदांत ने एक वेबसाइट डेवलप की है। जिस पर यूट्यूब की तरह वीडियो अपलोड किए जा सकते हैं। इसमें ब्लॉग, चैट बॉट और वीडियो वाचिंग प्लेटफार्म की तरह ही ऑप्शन मौजूद हैं।

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लॉकडाउन का उठाया फायदा

वेदांत ने कहा कि लॉडाउन के दौरान उसने ऑनलाइन कक्षाओं के लिए इंटरनेट पर रिसर्च की। अपनी मां के लैपटॉप पर सॉफ्टवेयर डिवेलपमेंट, कोडिंग और पायथन जैसी तकनीकों पर लगभग दो दर्जन ट्यूटोरियल सेशन अटेंड किए। वेदांत ने वेबसाइट डेवलप करने के लिए मां के स्लो और पुराने लैपटॉप पर काम किया। वेदांत के पिता राजेश और मां अश्विनी नागपुर के इंजीनियरिंग कॉलेजों में असिस्टेंट प्रोफेसर हैं।

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