Mumbai Trans Harbour Link: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई को एक नई पहचान फिर से मिलने वाली है। मुंबई से नवी मुंबई की दूरी कम करने वाले मुंबई ट्रांस हार्बर लिंक (Mumbai Trans Harbour Link – MTHL) जल्द ही आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा। 25 दिसंबर को इसका उद्घाटन होना है। समुद्र पर बन रहे देश के इस सबसे लंबे ब्रिज पर वाहनों की आवाजाही शुरू करने से पहले प्रशासन यात्रियों की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने में जुट गया है। 22 किमी लंबे ब्रिज का निर्माण कार्य 98 फीसदी से ज्यादा पूरा हो चुका है।
इस पुल के बनने के बाद मुंबई से नवी मुंबई की दूरी सिर्फ 20 मिनट में पूरी हो जाएगी। अभी तक इस दूरी को तय करने में घंटों समय लगता था। इस पुल की नींव साल 2018 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रखी थी।
MTHL पुल से सफर होगा सुहाना
MTHL पुल पर करीब 100 किमी की स्पीड से वाहन दोड़ सकेंगे। MMRDA को इस ब्रिज से रोजाना करीब 1 लाख वाहनों के गुजरने की उम्मीद है। इतनी बड़ी संख्या में वाहनों को देखते हुए MMRDA ने ब्रिज पर 3 फायर फाइटिंग एंड रेस्क्यू व्हीकल और 2 एम्बुलेंस तैनात करने का फैसला लिया है। बता दें कि 22 किमी लंबे इस पुल का 16 किमी एरिया समुद्र के ऊपर है। ब्रिज का बड़ा हिस्सा समुद्र के ऊपर होने के कारण आपातकालीन मदद का विशेष रूप से खयाल रखा गया है। MMRDA ने जरूरत पड़ने पर पुल पर ही तत्काल मदद पहुंचाने की योजना बनाई है। यह पुल मुंबई के शिवड़ी से शुरू होकर न्हावा शेवा (Nhava Sheva) के पास खत्म होगा।
इस पुल की लागत करीब 17 हजार करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है। इस पुल को बनाने कि जिम्मेदारी दो कंपनियों को दी गई है। इसमें लार्सन एंड टुब्रो (Larsen and Toubro) और टाटा प्रोजेक्ट्स (Tata Projects) शामिल हैं। इसे साल 2018 में बनाने का काम शुरू हुआ। जिसे 4.5 साल के भीतर पूरा करना था। लेकिन कोरोना वायरस महामारी की वजह से इस पूरा करने में देरी हुई। अब यह दिसंबर 2023 में पूरा हो जाएगा।
एक करोड़ लीटर ईंधन की होगी बचत
MTHL के खुल जाने से मुंबई से नवी मुंबई 20 से 25 मिनट में पहुंचना संभव हो जाएगा। दो शहरों के बीच दूरी घटने से हर साल करीब 1 करोड़ लीटर ईंधन की बचत हो सकती है। इसके अलावा ट्रैफिक से निजात मिलने की उम्मीद है। इतना ही नहीं, इससे प्रदूषण कम करने में भी मदद मिलेगी।