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'NDRF के जवान बड़े थे, पाइप छोटे, मैंने अंदर जाने का फैसला किया' वो बचावकर्मी जिसने उत्तरकाशी सुरंग ऑपरेशन के लिए साफ किया रास्ता

Uttarkashi Tunnel Rescue: ट्रेंचलेस इंजीनियरिंग के अंडरग्राउंट टनल एक्सपर्ट प्रवीण यादव याद करते हैं कि NDRF के जवानों समेत कई लोगों ने अंदर जाने की कोशिश की, लेकिन ब्लोअर या ऑक्सीजन सप्लाई की कमी में, वे असफल रहे। जब से वह अमेरिकी ऑगर मशीन के साथ वहां पहुंचे थे, तब से यादव और उनके सहयोगी बिना किसी बड़ी रुकावट के सुरंग के अंदर 16-18 घंटे बिता रहे हैं

MoneyControl Newsअपडेटेड Nov 28, 2023 पर 4:54 PM
'NDRF के जवान बड़े थे, पाइप छोटे, मैंने अंदर जाने का फैसला किया' वो बचावकर्मी जिसने उत्तरकाशी सुरंग ऑपरेशन के लिए साफ किया रास्ता
Uttarkashi Tunnel Rescue: चल रहे बचाव अभियान के दौरान सिल्कयारा बेंड-बारकोट सुरंग की एंट्री पर NDRF कर्मी स्टैंडबाय पर (PHOTO-PTI)

Uttarakhand Tunnel Rescue: उत्तरकाशी (Uttarkashi) में सिलक्यारा टनल (Sikyara Tunnel) में रेस्क्यू ऑपरेशन (Rescue Operation) के 12वें दिन एक बड़ी रुकावट आई। जब मलबे में मेटल गार्टर के कारण ड्रिलिंग को रुक गई, और मैन्युअल तरीके तरीके से खुदाई करनी पड़ी। ऐसे में आगे बढ़ने का एक रास्ता यही था कि कोई उन पतले रेस्क्यू पाइपों में घुसे और गैस कटर का इस्तेमाल करके रुकावट में आए मेटल और ऑगर मशीन के ब्लेट को काटे। ट्रेंचलेस इंजीनियरिंग के अंडरग्राउंट टनल एक्सपर्ट प्रवीण यादव याद करते हैं कि NDRF के जवानों समेत कई लोगों ने अंदर जाने की कोशिश की, लेकिन ब्लोअर या ऑक्सीजन सप्लाई की कमी में, वे असफल रहे।

Indian Express के मुताबिक, प्रवीण यादव ने कहा, "जब कुछ और काम नहीं आया, तो मैं अपने असिस्टेंट और साथी बलिंदर यादव के साथ अंदर जाने के लिए तैयार हो गया, लेकिन मेरे बॉस ने मुझे NDRF कर्मियों को कोशिश करने तक रुकने के लिए कहा। लेकिन वे जवान आकार में बड़े थे और पाइप बहुत छोटे साबित हुए। बाद में, मेरे अंदर जाने का समय हो गया। मैंने गैस कटर और दो पानी की बोतलें लीं, और अपने घुटनों और कोहनियों के बल रेंगता हुआ पाइप के जरिए वहां तक पहुंचा।"

इस प्रोसेस में हमें अपने हाथों से मेटल के गर्डर को ढूंढना था, उन्हें गैस कटर से काटना था और फिर मेटल के टुकड़ों को निकालना था। उन्होंने बताया, "इस सब से काफी गर्मी पैदा हो गई और हम पर लगातार जलने का खतरा मंडरा रहा था।"

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