भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने भारत के पूर्व राष्ट्रपति स्वर्गीय प्रणब मुखर्जी का स्मारक बनाने के लिए "राष्ट्रीय स्मृति" परिसर के भीतर एक तय जगह को मंजूरी दे दी है। "राष्ट्रीय स्मृति" परिसर राजघाट परिसर का ही एक हिस्सा है। प्रणब मुखर्जी की बेटी शर्मिष्ठा मुखर्जी ने यह जानकारी दी। मुखर्जी का 31 अगस्त 2020 को निधन हो गया।
उन्होंने X पर लिखा, "माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी से मुलाकात की और बाबा के लिए स्मारक बनाने के उनके सरकार के फैसले के लिए तहे दिल से आभार जताया। यह इसलिए भी बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि हमने इसके लिए नहीं कहा था। प्रधानमंत्री के इस अप्रत्याशित लेकिन वास्तव में दयालु कदम से मैं बेहद प्रभावित हूं।"
शर्मिष्ठा मुखर्जी ने कहा, "बाबा कहा करते थे कि राजकीय सम्मान मांगा नहीं जाना चाहिए, बल्कि दिया जाना चाहिए। मैं बहुत आभारी हूं कि प्रधानमंत्री मोदी ने बाबाओं की स्मृति का सम्मान करने के लिए ऐसा किया। इससे बाबा पर कोई फर्क नहीं पड़ता कि वह अब कहां हैं - प्रशंसा या आलोचना से परे। लेकिन उनकी बेटी होने के नाते मैं अपनी खुशी को शब्दों में बयां नहीं कर सकती।"
कांग्रेस पर क्यों भड़कीं शर्मिष्ठा?
इससे पहले शर्मिष्ठा मुखर्जी ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के उस प्रस्ताव की आलोचना की थी, जिसमें पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के लिए एक अलग स्मारक बनाने के मांग की गई थी। खड़गे ने PM मोदी को पत्र लिख कर ये मांग की थी। डॉ. मनमोहन सिंह का 26 दिसंबर 2025 को दिल्ली के AIIMS में लंबी बीमारी के कारण निधन हो गया था। वह 92 साल के थे।
शर्मिष्ठा मुखर्जी ने X पर एक पोस्ट में दावा किया कि जब अगस्त 2020 में उनके पिता और पूर्व भारतीय राष्ट्रपति का निधन हुआ, तो कांग्रेस नेतृत्व ने कांग्रेस कार्यसमिति (CWC) की ओर से शोक सभा बुलाने की भी जहमत नहीं उठाई।
उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व पर उस दौरान इस मुद्दे पर उन्हें गुमराह करने का भी आरोप लगाया। उनके अनुसार, कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने उनसे कहा कि यह भारतीय राष्ट्रपतियों के लिए नहीं है।
उन्होंने जिस कांग्रेस नेता का जिक्र किया, उनके इस तर्क को "पूरी तरह बकवास" करार देते हुए यह भी दावा किया कि उन्हें अपने पिता की डायरी से पता चला है कि एक और पूर्व भारतीय राष्ट्रपति केआर नारायणन के निधन पर CWC की बैठक बुलाई गई थी और शोक संदेश का मसौदा किसी और ने नहीं बल्कि प्रणब मुखर्जी ने तैयार किया था।