राष्ट्रीय जांच एजेंसी (National Investigation Agency (NIA) ने आज यानी सोमवार 9 मई को मुंबई में छापेमाही की बड़ी कार्रवाई शुरू की है। NIA ने मुंबई में कार्रवाई करते हुए अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम के खिलाफ शिकंजा कसना चालु कर दिया है। जांच एजेंसी द्वारा दाऊद के शार्प शूटरों और ड्रग्स तस्करों के ठिकानों पर छापेमारी शुरू कर दी है। समाचार एजेंसी एएनआई (ANI) के मुताबिक दाऊद से जुड़े कई हवाला ऑपरेटर्स के ठिकानों पर भी छापेमारी की गई है। NIA ने फरवरी में ही उनके खिलाफ केस दर्ज किया था। आज से दाऊद के गुर्गों के खिलाफ छापेमारी शुरू की गई है।
एएनआई के अनुसार अंडरवर्ल्ड सरगना दाऊद इब्राहिम के साथियों के ठिकानों पर कई जगहों पर एनआईए की कार्रवाई जारी है। जांच एजेंसी की ओर से बोरीवली, सांताक्रूज, मुंब्रा, भिंडी बाजार, नागपाड़ा, गोरेगांव समेत अन्य जगहों पर छापेमारी की जा रही है। इसके साथ ही NIA ने पाकिस्तान स्थित गैंगस्टर दाऊद इब्राहिम के गुर्गों और कुछ हवाला ऑपरेटरों के खिलाफ मुंबई में एक दर्जन से ज्यादा स्थानों पर छापेमारी की है।
NIA ने समाचार एजेंसी ANI से कहा कि कई ड्रग्स पेडलर्स और हवाला कारोबारियों के तार अंडरवर्ल्ड से जुड़े हुए हैं। इस संबंध में NIA ने फरवरी में ही इस मामले में केस फाइल कर दिया था। अब जाकर आज इस मामले में कार्रवाई शुरू की गई है।
गौरतलब है कि केंद्रीय गृह मंत्रालय ने अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम की डी-कंपनी के खिलाफ जांच की जिम्मेदारी इस साल की फरवरी में एनआईए को सौंपी थी। एनआईए आतंकवादी गतिविधियों से जुड़ी जांच करने वाली देश की सबसे बड़ी जांच एजेंसी है। इससे पहले प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की ओर से कार्रवाई की जा रही थी। ईडी की ओर से मनी लॉन्ड्रिंग, हवाला और ड्रग्स तस्करी के खिलाफ कार्रवाई की जा रही थी। अब एनआईए ने भी अपनी कार्रवाई आरंभ कर दी है।
गृह मंत्रालय के मुताबिक NIA को सिर्फ दाऊद इब्राहिम और उसकी डी कंपनी की आतंकी गतिविधियों की जांच के साथ अंडरवर्ल्ड डॉन के गुर्गे छोटा शकील, इकबाल मिर्ची (मृत), जावेद चिकना, टाइगर मेनन, दाऊद की बहन हसीना पारकर (मृत) से जुड़ी आतंकी गतिविधियों की जांच करने का भी निर्देश दिया गया था।
बता दें कि दाऊद इब्राहिम और उससे जुड़े गुर्गों के खिलाफ UAPA के तहत मामले पहले भी दर्ज हैं। अब NIA भी इसी के तहत कार्रवाई करेगी। गृह मंत्रालय के मुताबिक डी कंपनी और दाऊद इब्राहिम इंडिया में टेरर फंडिंग, नार्को टेरर, ड्रग्स स्मगलिंग और फेक करेंसी (FICN) का व्यापार कर आतंकवाद फैलाने के काम में लगे हुए हैं।