Alsi Roti Benefits: आमतौर पर हर घर में गेहूं के आटे (Wheat floor) का ही इस्तेमाल किया जाता है। लेकिन अगर आपको दिल से संबंधित कोई बीमारी है या फिर ब्लड प्रेशर की शिकायत है तो साधारण आटे की रोटियां आपकी सेहत के लिहाज से फायदेमंद नहीं है। लिहाजा आप अपने खाने में अलसी की रोटियों का इस्तेमाल कर सकते हैं। अलसी की रोटी सेहत के लिए बेहद फायदेमंद मानी जाती हैं। इसे घर में ही आसानी से बनाया जा सकता है। आप हफ्ते में सिर्फ एक दिन अलसी के बीजों को आटे में मिलाकर बनी रोटियां खाएं तो कैंसर समेत कई बड़ी बीमारियों के होने का जोखिम काफी हद तक कम हो सकता है।
दरअसल, गेंहू आटे से बनी रोटियां का ग्लाइसेमिक इंडेक्स ज्यादा होता है। यह सेहत के लिए बढ़िया नहीं माना जाता है। अलसी के बीज गुणों का खजाना है। अलसी के बीज अमृत की तरह हैं। अलसी में प्रोटीन, फैट, कार्बोहाइड्रेट, फाइबर, कैल्शियम, ओमेगा -3 फैटी एसिड, मैग्नीशियम, फास्फोरस, पोटैशियम, फोलेट, ल्यूटिन और जीएक्सेंथिन पाया जाता है।
अलसी की रोटियां हार्ट के लिए फायदेमंद
अलसी में कई तरह के मोनोसैचुरेटेड फैट होता है। यह फैट हेल्दी हार्ट के लिए जरूरी है। इस कारण अलसी हाई कोलेस्ट्रॉल को भी कम करता है। हार्ट से जुड़ी हर तरह की बीमारियों से बचाव करने में मदद मिलती है।
अलसी को रोटियों से कैंसर में बचाव
अलसी के बीज में लिगनेंस नाम का प्लांट कंपाउड होता है। जिसमें कैंसर फाइटिंग गुण होता है। अलसी में अन्य प्लांट के मुकाबले 75 से 800 गुना ज्यादा लीग्नेंस होता है। अलसी मुख्य रूप से ब्रेस्ट कैंसर, कोलोन कैंसर, स्किन कैंसर, ब्लड कैंसर और लंग्स कैंसर के जोखिम को कम करती है।
शरीर में कई बीमारियों की मुख्य वजह इंफ्लामेशन है। शरीर के अदरुनी हिस्से में कोशिकाओं में जब सूजन होने लगती है तो इससे कई बीमारियां होती हैं। अलसी में ओमेगा 3 फैटी एसिड हर तरह के इंफ्लामेशन को कम करता है।
सिर्फ 7 ग्राम अलसी के बीज में 3 ग्राम फाइबर होता है। यह फाइबर ब्लड शुगर को जल्द खत्म करने में मदद करता है। यही कारण है कि अलसी का सेवन करने से ब्लड शुगर नहीं बढ़ता है।
अलसी में एंटी आक्सीडेंट्स और फाइटोकैमिकल्स के गुण पाए जाते हैं। यह बढ़ती उम्र में चेहरे की त्वचा में निखार लाने में मददगार है। अलसी के नियमित प्रयोग से झुर्रियों की समस्या नहीं होती है। इससे त्वचा चमकदार बनी रहती है।
ऐसे तैयार करें अलसी की रोटी
50 ग्राम अलसी, आटा एक कटोरी। सबसे पहले अलसी को धीमी आंच पर भूने। अलसी को ठंडा कर मिक्सर में पीस लें। इसके बाद इसे तीन हिस्से में बांट लें। एक सुबह, एक दोपहर व एक रात के लिए। फिर इसे आंटे के साथ मिलाकर गूंद लें। जितनी रोटी खानी हो खाएं।