Amethi Murder Case: उत्तर प्रदेश के अमेठी में गुरुवार (3 अक्टूबर) को दो मासूम बच्चियों समेत चार लोगों के परिवार की उनके घर में गोली मारकर हत्या कर दी गई। यह घटना भारी पुलिस बल की मौजूदगी में हुई, क्योंकि इलाके में एक मेला लगा हुआ था, जिसमें हजारों लोग आए थे। जिले के शिवरतनगंज थाना क्षेत्र के अहोरवा भवानी चौराहे के पास गुरुवार रात को सरकारी स्कूल के टीचरस उनकी पत्नी और दो नाबालिग बच्चों की अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी।
अमेठी के SP अनूप कुमार सिंह ने बताया कि सुनील (35) सरकारी शिक्षक थे, जो अहोरवा भवानी चौराहे पर किराए के मकान में रहते थे। उन्होंने कहा कि इस वारदात में सुनील की पत्नी पूनम (32), बेटी दृष्टि (6) और एक साल की बेटी की भी मौत हो गई। अधिकारी ने कहा कि सुनील रायबरेली के मूल निवासी थे। वह पन्हौना के एक सरकारी स्कूल में टीचर थे। सिंह ने कहा कि अज्ञात लोगों ने घर में घुसकर सुनील और उनके परिवार को गोली मार दी। वारदात को अंजाम देने के बाद हमलावर फरार हो गए।
परिवार ने दर्ज कराई थी शिकायत
सिंह ने कहा कि शुरुआती जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि परिवार ने चंदन वर्मा नामक व्यक्ति के खिलाफ अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति अधिनियम, 1989 के तहत शिकायत दर्ज कराई थी। सिंह के मुताबिक, सुनील ने अपनी शिकायत में यह भी उल्लेख किया था कि "अगर उसे या उसके परिवार को कुछ होता है तो इसके लिए चंदन वर्मा जिम्मेदार होगा।"
हालांकि, सिंह ने कहा कि इस बात की जांच की जा रही है कि हत्याएं इस मामले से जुड़ी हैं या नहीं। लखनऊ से वरिष्ठ अधिकारी भी अमेठी पहुंच रहे हैं। पुलिस और शिक्षा विभाग के अधिकारी पहले ही घटनास्थल पहुंच चुके हैं। जिस जगह पर यह घटना हुई, वह जिला मुख्यालय से लगभग 60 किलोमीटर दूर है।
लोगों ने सुनी गोली की तेज आवाज
स्थानीय लोगों ने पीटीआई को बताया कि गोली की तेज आवाज सुनकर पड़ोसी घर के अंदर पहुंचे तो परिवार के सभी सदस्यों को मृत पाया। पुलिस ने मामले की जांच के लिए स्थानीय थाने की टीम गठित की हैं। जांच में स्थानीय खुफिया इकाई और विशेष अभियान समूहों की टीमों की भी मदद ली जा रही है। एक अधिकारी ने कहा, "हम हमलावरों की पहचान करने के लिए इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रहे हैं।"
घटनास्थल पर पहुंचे पुलिस महानिरीक्षक प्रवीण कुमार ने पत्रकारों को बताया कि हमलावर मृतक के परिचित प्रतीत होते हैं। कुमार ने कहा, "घटनास्थल की प्रारंभिक फोरेंसिक जांच के दौरान घर में किसी के बलपूर्वक घुसने का कोई संकेत नहीं मिला है। प्रथम दृष्टया ऐसा प्रतीत होता है कि हमलावर पीड़ित परिवार के परिचित रहे होंगे, जिन्हें घर में घुसने दिया गया।"
सीएम ने दिया कार्रवाई का भरोसा, विपक्ष ने बोला हमला
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा, "आज जनपद अमेठी में हुई घटना घोर निंदनीय और अक्षम्य है। मेरी संवेदनाएं शोक संतप्त परिजनों के साथ हैं। दुःख की इस घड़ी में यूपी सरकार पीड़ित परिवार के साथ खड़ी है। इस घटना के दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा, उन पर कठोरतम कानूनी कार्रवाई होगी।"
इस बीच, पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए X पर एक पोस्ट कर राज्य की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाया। इसके अलावा बीएसपी प्रमुख मायावती ने X पर लिखा, "यूपी के अमेठी जिले में एक दलित परिवार के चार लोगों की एक साथ की गई निर्मम हत्या की घटना अति-दुखद व चिन्ताजनक। सरकार दोषियों एवं वहां के पुलिसकर्मियों के खिलाफ भी सख्त कदम उठाए ताकि अपराधी बेखौफ न रहें।"