हॉन्गकॉन्ग पर चीन का ‘Covid अटैक’! पकड़ मजबूत कर आजादी की कोशिशों को दे रहा झटका

चीन, हॉन्गकॉन्ग से अपने खिलाफ इन आवाजों को दबाने के लिए कोविड-19 महामारी को एक बड़े अवसर के रूप में ले रहा है

अपडेटेड Mar 28, 2022 पर 1:34 PM
एक्सपर्ट्स ने कहा, कोविड महामारी से बीजिंग को शहर में अपनी मौजूदगी मजबूत करने में मदद मिली है, जो पहले अकल्पनीय था

Omicron delta recombinant: हॉन्गकॉन्ग की पॉलिटिकल कैपिटल में चीन के खिलाफ लगातार आवाज उठती रही हैं। चीन इन आवाजों को दबाने के लिए कोविड-19 महामारी को एक बड़े अवसर के रूप में ले रहा है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, बीजिंग अपनी ‘एक्सपर्ट हेल्प’ के जरिये इस अर्ध स्वायत्त शहर पर निगरानी बढ़ा रहा है। ऐसे में हॉन्गकॉन्ग के लोगों की तरफ से ‘आजादी’ की दिशा में की जा रही कोशिशों को झटका लग सकता है।

दूसरे देशों की तरह पूरी दुनिया के खुलने की तुलना में हॉन्गकॉन्ग की मामलों में कमी के लिए पूरी तरह चीन की कोविड-19 रणनीति पर निर्भरता बढ़ती जा रही है। एक्सपर्ट्स ने कहा, इससे बीजिंग को शहर में अपनी मौजूदगी मजबूत करने में मदद मिली है, जो पहले अकल्पनीय था।

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हांगकांग में बढ़े कोविड के मामले

चीन के लिए राजनीतिक रूप से संवेदनशील इस साल की शुरुआत से, हांगकांग में मामलों और मृत्यु दर में बढ़ोतरी दिखी है। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, बीजिंग में सरकार के कुछ एडवाइजर्स को डर है कि अगर हॉन्गकॉन्ग में वायरस नहीं रहता है तो शहर में अस्थिरता फैल जाएगी, जैसा 2019 में शहर में हुआ था। उस समय सरकार विरोधी प्रदर्शनों के चलते चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के लिए बड़ा संकट पैदा हो गया था।

हॉन्गकॉन्ग इसी में उलझ गया है। फरवरी के अंत में जारी एक प्रेस रिलीज के मुताबिक, “मेनलैंड (यानी चीन) का सपोर्ट हासिल करने” और “महामारी के खिलाफ तेजी से प्रोजेक्ट्स चलाने” के क्रम में शहर में एक इमरजेंसी आर्डनैंस घोषित कर दिया गया था।

चीन कोविड का ऐसे उठा रहा फायदा

हॉन्गकॉन्ग फ्री प्रेस ने अपनी एक रिपोर्ट में कहा, एशिया वर्ल्ड एक्सपो कन्वेंशन सेंटर में स्थापित एक ट्रीटमेंट फैसिलिटी में चीन के डॉक्टर और नर्स द्वारा बुजुर्ग मरीजों का इलाज किया जा रहा है। मेडिकल स्टाफ लाइसेंसिंग परीक्षाओं और पंजीकरण प्रक्रियाओं से बच गए हैं, जिनकी आम तौर पर जरूरत होती है। अथॉरिटीज ने कहा कि मरीजों की जानकारी रखने वाले कंप्यूटर्स को अंग्रेजी से चायनीज में बदल दिया गया है।

कोरोना के सहारे बढ़ा रहा निगरानी

ब्लूमबर्ग द्वारा फरवरी के आखिर में प्रकाशित एक रिपोर्ट में इस बारे में बताया गया कि कैसे बीजिंग हांगकांग पर और उसके भीतर अपनी निगरानी बढ़ाने के लिए महामारी का इस्तेमाल कर रहा है। इसके पीछे उसका कांटैक्ट ट्रेसिंग ऐप अहम है।

हॉन्गकॉन्ग के चीफ एग्जीक्यूटिव कैरी लैम ने इसे “एक तीर से दो निशाने” साधने जैसा बताया।

हॉन्गकॉन्ग के लिए बनाई ‘डायनैमिक जीरो स्ट्रैटजी’

हॉन्गकॉन्ग बाप्टिस्ट यूनिवर्सिटी में हांगकांग पॉलिटिक्स में विशेषज्ञ एसोसिएट प्रोफेसर केनेथ चान ने ब्लूमबर्ग को बताया, महामारी के रूप में चीन को पैठ बनाने का अवसर मिला है, जो वह अपनी हॉन्गकॉन्ग के लिए ‘डायनैमिक जीरो स्ट्रैटजी’ के जरिये कर रहा है।

चूंकि चीन ने जून, 2020 से हांगकांग पर नेशनल सिक्योरिटी लॉ लगा दिया है, इसलिए अधिकारी पत्रकारों, एक्टिविस्ट्स और डेमोक्रेसी समर्थक नेताओं आदि पर मुकदमे लाद रहे हैं। अब डिटल निगरानी बढ़ने से अधिकारी नागरिकों की ज्यादा जानकारी हासिल करने में सक्षम हो गए हैं।

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