बिहार के पटना से एक बड़ी खबर सामने आई है। यहां जक्कनपुर इलाके में शुक्रवार देर रात एसटीएफ और अपराधियों के बीच मुठभेड़ हो गई। जिसमें दोनों तरफ से कई राउंड गोलियां चली। इस मुठभेड़ के दौरान एक अपराधी अजय राय की मौत हो गई। इसमें एसटीएफ के एक जवान को भी गोली लगी है। घटना के दौरान इलाके में अफरातफरी का माहौल बना रहा। STF के डीआईजी विवेकानंद ने मुठभेड़ की पुष्टि की है। कुख्यात अजय राय को काका के नाम से भी जाना जाता है। सोना लुटेरा था और चंदन सोनार गिरोह का प्रमुख सदस्य था। इसके साथ ही कई बैंक डकैती में शामिल था।
बताया जा रहा है कि कुख्यात अजय राय बिहार के सारण का रहने वाला था। एसटीएफ की टीम उसे गिरफ्तार करने गई थी। लेकिन सरेंडर करने के बदले उसने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में वो ढेर हो गया। अजय राय पर कई जिलों में बैंक डकैती के आधा दर्जन केस थे।
किराये के मकान में छिपा था अजय राय, एनकाउंटर में ढेर
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अजय राय पर आधा दर्जन बैंक डकैती और अपहरण समेत कई गंभीर मामलों में केस दर्ज थे। एसटीएफ और अपराधियों के बीच शुक्रवार की रात को पटना के संजय नगर रोड नंबर 10 में जमकर गोलियां चली। यहां अजय राय ने नाम बदलकर एक कमरा कुछ दिन पहले किराए पर लिया था। अन्य अपराधियों के साथ छिपा हुआ था। जब उसे गिरफ्तार करने एसटीएफ की टीम पहुंची और अजय राय को सरेंडर करने के लिए कहा तो अजय राय के दो साथी भाग खड़े हुए। वहीं अजय राय ने एसटीएफ पर फायरिंग शुरू कर दी। जिसके बाद एसटीएफ ने मोर्चा संभाला और जवाबी कार्रवाई भी शुरू हुई। इसी बीच एसटीएफ की चार गोली अजय राय को लग गईं। जिससे उसकी मौत हो गई।
अजय राय जेल की सजा भी काट चुका था। वो कुछ दिनों पहले जमानत पर जेल से बाहर आया था। घटनास्थल से पिस्टल की कई गोलियों के खोखे बरामद किए गए हैं। वहीं मुठभेड़ के दौरान एक एसटीएफ के जवान को भी गोली लगी है। बता दें कि पटना में 6 सालों के बाद यह दूसरी मुठभेड़ है। इससे पहले पाटलिपुत्र स्टेशन से कुछ दूरी पर पूर्वी गोला रोड पर मुठभेड़ में कुख्यात अभिषेक कुमार उर्फ मुचकुंद मारा गया था। उस पर 50,000 रुपये का इनाम था।