'वो तो चलता रहता है...' पहली बार 'Melodi Memes' पर खुलकर बोले PM मोदी

PM Modi Podcast: "Melodi" मतलब मोदी+मेलोनी, ये मीम पिछले साल सितंबर में इटली में G7 शिखर सम्मेलन के एक वीडियो के बाद वायरल हो गया था, जिसमें दोनों नेता एक साथ हंसते हुए दिखाई दिए थे। Zerodha के कोफाउंडर निखिल कामत और नरेंद्र मोदी ने खाने के बारे में चर्चा की, जहां प्रधानमंत्री ने कहा कि वह खाने के शौकीन नहीं हैं

अपडेटेड Jan 10, 2025 पर 7:11 PM
PM Modi Podcast: 'वो तो चलता रहता है...' Melodi Memes पर पहली बार खुलकर बोले PM मोदी

अपने पॉडकास्ट में Zerodha के कोफाउंडर निखिल कामत के साथ बातचीत के दौरान एक हल्के-फुल्के पल में, प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके और इटली की PM जियोर्जिया मेलोनी पर वायरल "Melodi Memes" के बारे में बात की। ‘पीपुल्स’ सीरीज पॉडकास्ट में बातचीत के दौरान कामत ने बातों बातों में पीएम मोदी के इटली कनेक्शन की ओर इशारा किया।

कामत ने मुस्कुराते हुए कहा, "मुझे पिज्जा काफी पसंद है और पिज्जा इटली की डिश है और लोग कहते हैं कि आप इटली के बारे में बहुत कुछ जानते हैं।" उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी से पूछा, "क्या आप इस बारे में कुछ कहना चाहेंगे?"

जब कामत ने पूछा कि क्या प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया पर Memes देखे हैं, तो पीएम मोदी ने मुस्कुराते हुए जवाब दिया, "वो तो चलता रहता है।"


उन्होंने आगे कहा कि वह मीम्स के बारे में सोचकर “समय बर्बाद” नहीं करते हैं। उन्होंने कहा, “मैं उसमें अपना टाइम खराब नहीं करता।”

क्या है Melodi Memes?

"Melodi" मतलब मोदी+मेलोनी, ये मीम पिछले साल सितंबर में इटली में G7 शिखर सम्मेलन के एक वीडियो के बाद वायरल हो गया था, जिसमें दोनों नेता एक साथ हंसते हुए दिखाई दिए थे।

शिखर सम्मेलन के बाद मेलोनी ने PM मोदी के साथ एक सेल्फी वीडियो साझा किया था, जिसके कैप्शन में उन्होंने लिखा था, "मेलोडी टीम की ओर से हैलो।" प्रधानमंत्री मोदी ने भी X पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, "भारत-इटली मित्रता अमर रहे!" सोशल मीडिया पर समय-समय पर ‘Melodi’ memes की बाढ़ आ ही जाती है।

खाने के शौकीन नहीं PM मोदी

बाद में दोनों ने खाने के बारे में चर्चा की, जहां प्रधानमंत्री ने कहा कि वह खाने के शौकीन नहीं हैं। पीएम मोदी ने कहा, "मैं खाने का शौकीन नहीं हूं, किसी भी देश में जो भी परोसा जाता है, मैं खुशी-खुशी खाता हूं। यह मेरा दुर्भाग्य है कि अगर आप मुझे किसी रेस्टोरेंट में ले जाएं, मुझे मेन्यू थमा दें और मुझसे चुनने को कहें, तो मैं ऐसा नहीं कर पाऊंगा।"

उन्होंने संघ के लिए काम करने के अपने शुरुआती दिनों का एक किस्सा भी सुनाया और कहा कि वह रेस्टोरेंट में खाना ऑर्डर करने के लिए भाजपा के दिग्गज नेता दिवंगत अरुण जेटली की मदद लेते थे।

उन्होंने कहा, "मुझे नहीं पता कि मेन्यू में बताई गई डिश और मेरे सामने रखा खाना एक ही चीज है या नहीं, मुझे जानकारी नहीं है, मैं अज्ञानी हूं क्योंकि मैंने उस प्रवृत्ति को विकसित नहीं किया है। इसलिए मुझे इसके बारे में ज्यादा समझ नहीं है, इसलिए मैं हमेशा अरुण जी से मेरे लिए खाना ऑर्डर करने के लिए कहता था, बस यह शाकाहारी होना चाहिए।"

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