Popcorn Taxation: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (FM Nirmala Sitharaman) की अध्यक्षता वाली जीएसटी काउंसिल (GST Council) के एक फैसले के बाद शनिवार को सोशल मीडिया पर चुटकुलों और मीम्स की बाढ़ आ गई। काउंसिल ने कहा कि नमक और मसाले के साथ पहले से पैक रेडी-टू-ईट पॉपकॉर्न पर 12% टैक्स लगेगा। वहीं कैरामलाइज्ड पॉपकॉर्न पर 18% टैक्स लगाया जाएगा। वित्त मंत्री ने इसे लेकर स्पष्टीकरण भी दिया। उन्होंने कहा, "जब पॉपकॉर्न में चीनी मिलाई जाती है (जैसे कि कैरामल पॉपकॉर्न), तो उसकी मूल विशेषता बदलकर एक मिठाई में बदल जाती है, और इसे (HS 1704 90 90 के तहत) वर्गीकृत किया जाएगा, जिसके कारण उस पर 18% जीएसटी लगेगा।"
जीएसटी काउंसिल की ओर से एक ही प्रोडक्ट्स पर अलग-अलग टैक्स स्लैब्स का प्रस्ताव सोशल मीडिया यूजर्स को पसंद नहीं आया और उन्होंने इस पर मजेदार ट्वीट्स की झड़ी लगा दी। कई यूजर्स ने मजाकिया अंदाज में यह सवाल उठाया कि क्या अब लोगों के पानी पीने के तरीके के आधार पर भी अलग-अलग GST स्लैब होंगे। वहीं कुछ यूजर्स ने अलग-अलग दालों के लिए अलग-अलग टैक्स स्लैब लगाने का सुझाव दिया।
पॉपकॉर्न पर एक समान टैक्स दर न होने के लिए सरकार और जीएसटी काउंसिल की आलोचना करते हुए एक सोशल मीडिया यूजर ने लिखा, "जो लोग एक राष्ट्र एक चुनाव लागू करने की वकालत कर रहे हैं, वे पॉपकॉर्न पर एक टैक्स स्लैब लागू नहीं कर पा रहे हैं"।
एक और यूजर ने इस फैसले को पुराने वाहनों की खरीद पर 18% जीएसटी लगाने के ऐलान से जोड़ा और तंज कसा। उन्होंने कहा, "पॉपकॉर्न पर 18% जीएसटी तो समझ आता है, ये तो अमीर लोगों का स्नैक है। लेकिन पुरानी कार जो अक्सर गरीब लोग खरीदते हैं, उस पर भी 18% जीएसटी लगाना क्या सही है?"
बता दें कि जीएसटी काउंसिल ने पुराने और उपयोग किए गए वाहनों की बिक्री पर GST को 12% से बढ़ाकर 18% करने का फैसला लिया है।
एक अन्य यूजर ने सख्त प्रतिक्रिया दी और मजाक करते हुए पूछा, "अब आगे क्या होगा? क्या अब पानी पर जीएसटी लगेगा? अगर आप घूंट भरकर पीते हैं तो 5%, अगर आप गटकते हैं तो 12% और अगर पानी गिरा देते हैं तो 18%।"
एक निराश यूजर ने कहा, "हमारे नेता (किसी का नाम लिए बिना) जीएसटी का मजाक बना रहे हैं। हमारे राज्य के वित्त मंत्रियों की बैठकें हो रही हैं और वे पॉपकॉर्न पर टैक्स लगाने के तरीके पर चर्चा कर रहे हैं। अब आगे क्या वे रेस्टोरेंट के फूड मेनू पर टैक्स लगाने की चर्चा करेंगे? दाला फ्राई पर जीरो GST, दाल तड़का पर 2.5%, दाल मखनी पर 5%, पनीर बटर मसाला 18%, बटर चिकेन पर 18%।"
एक और यूजर ने पॉपकॉर्न पर जीएसटी के इस फैसले पर तंज करते हुए एक लोकप्रिय ब्रांड के टैगलाइन 'क्या आपके टूथपेस्ट में नमक है?' का जिक्र किया और ट्वीट किया, "नया सवाल... क्या आपके पॉपकॉर्न में नमक है?"