Bikaji Foods IPO: मिठाई और नमकीन बेचने वाली कंपनी बीकाजी फूड्स इंटरनेशनल (Bikaji Foods International) इस महीने शेयर बाजार में सूचीबद्ध होने की तैयारी में है। कंपनी का इनीशियल पब्लिक ऑफर (IPO) बुधवार 3 नवंबर को खुलेगा और इसके लिए निवेशक 7 नवंबर तक बोली लगा सकते हैं। बीकाजी फूड्स अपने IPO के तहत करीब 2.94 करोड़ शेयरों को बिक्री पर रखेगी। इन शेयरों के लिए 285 से 300 रुपये प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया गया है। 300 रुपये के ऊपरी प्राइस बैंड पर, कंपनी इस IPO से करीब 900 करोड़ रुपये जुटाने की तैयारी में है।
बीकाजी फूड्स IPO का ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP)
आईपीओ खुलने से पहले Bikaji Foods के शेयरों में अनलिस्टेड या ग्रे मार्केट में कारोबार शुरू हो गया है। बाजार जानकारों की मानें तो मंगलवार 1 नवंबर को बीकाजी फूड्स के शेयर ग्रे मार्केट में 70 रुपये के प्रीमियम पर कारोबार कर रहे थे।
Bikaji Foods के शेयर ग्रे मार्केट में 70 रुपये के प्रीमियम पर कारोबार कर रहे हैं। इसका मतलब है कि ग्रे मार्केट इस समय बीकाजी फूड्स के शेयरों के इसके 300 रुपये ऊपरी प्राइस बैंड से 70 रुपये अधिक, यानी 370 रुपये पर सूचीबद्ध होने की उम्मीद कर रहा है। अगर ऐसा होता है निवेशकों को Bikaji Foods के शेयरों पर करीब 40 फीसदी का लिस्टिंग गेन मिल सकता है।
हालांकि स्टॉक मार्केट के जानकारों का कहना है कि किसी भी आईपीओ के बारे में एक ठोस राय बनाने के लिए निवेशकों को ग्रे मार्केट प्रीमियम को नहीं देखना चाहिए। ग्रे मार्केट प्रीमियम से किसी भी आईपीओ के सफल या विफल होना का अंदाजा नहीं लगाया जा सकता है। असलियत में कंपनी की वित्तीय सेहत ही उसकी सही तस्वीर बताती है।
पूरी तरफ से ऑफर-फॉर-सेल Bikaji Foods का IPO
यह IPO पूरी तरफ से ऑफर-फॉर-सेल (OFS) है। यानी इस आईपीओ के तहत कंपनी कोई नए शेयर नहीं जारी करेगी, बल्कि सभी शेयरों को उसके प्रमोटरों और मौजूदा शेयरधारकों की तरफ से बिक्री के लिए रखा जाएगा। IPO के तहत कुल 2.94 करोड़ इक्विटी शेयर बिक्री के लिए रखे जाएंगे।
बीकाजी फूड्स के आईपीओ में न्यूनतम इतना करना होगा निवेश
Bikaji Foods के IPO के लिए निवेशक कम से कम 50 शेयरों की बोली लगानी होगी। इस तरह एक रिटेल निवेशक को न्यूनतम 15,000 रुपये (50 शेयर x 300 रुपये) निवेश करने होंगे। वहीं अधिकतम वह 13 लॉट के लिए 1.95 लाख रुपये निवेश कर सकते हैं।
बीकाजी ब्रांड को साल 1993 में लॉन्च किया गया था। धीरे-धीरे पूरे भारत में इसने अपना विस्तार किया है। जून 2022 तक कंपनी की 23 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में उपस्थिति हो चुकी है। इसके अलावा यह 21 देशों में अपने प्रोडक्ट का निर्यात भी करती है। इनमें नार्थ अमेरिका, खाड़ी देश, अफ्रीका और एशिया प्रशांत के देश शामिल है। कंपनी की कुल बिक्री में उसके इंटरनेशनल बिजनेस का हिस्सा 3.20 प्रतिशत था।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना हेतु दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।