Gandhar Oil Refinery IPO: वॉइट ऑयल बनाकर कंपनियों को सप्लाई करने वाली गांधार ऑयर रिफाइनरी के आईपीओ के सब्सक्रिप्शन का आज आखिरी दिन रहा। 501 करोड़ रुपये के इस आईपीओ को निवेशकों को शानदार रिस्पांस मिला। यह इश्यू सब्सक्रिप्शन के लिए 22 नवंबर को खुला था और 64 गुना से अधिक सब्सक्राइब हुआ। ग्रे मार्केट में बात करें तो इसके शेयर आईपीओ के अपर प्राइस बैंड से 76 रुपये यानी 44.97 फीसदी की GMP (ग्रे मार्केट प्रीमियम) पर हैं। हालांकि एक्सपर्ट्स के मुताबिक ग्रे मार्केट से मिले संकेतों की बजाय कंपनी के फंडामेंटल्स और फाइनेंशियल्स के आधार पर निवेश से जुड़ा फैसला लेना चाहिए।
Gandhar Oil Refinery 3rd Day Subscription: कैटेगरीवाइज स्थिति
क्वालिफाईड इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (QIB): 129.00 गुना
Gandhar Oil Refinery IPO की डिटेल्स
गांधार ऑयल रिफाइनरी का 500.69 करोड़ रुपये का आईपीओ 22-24 नवंबर के बीच खुला रहा। इस आईपीओ के लिए 160-169 रुपये का प्राइस बैंड और 88 शेयरों का लॉट फिक्स किया गया। आईपीओ की सफलता के बाद शेयरों का अलॉटमेंट 30 नवंबर को फाइनल होगा और फिर BSE, NSE पर शेयरों की 5 दिसंबर को एंट्री होगी। इश्यू के लिए रजिस्ट्रार लिंक इनटाइम है।
इस इश्यू के तहत 302 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी होंगे। वहीं बाकी 2 रुपये की फेस वैल्यू वाले 198.69 करोड़ रुपये के बाकी शेयरों की ऑफर फॉर सेल (OFS) विंडो के तहत बिक्री होगी। ऑफर फॉर सेल का पैसा शेयर बेचने वाले शेयरहोल्डर्स को मिलेगा। वहीं नए शेयरों के जरिए जो पैसे कंपनी को मिलेंगे, उसका इस्तेमाल टेक्सॉल का कर्ज चुकाने के लिए लोन के तौर पर निवेश, विस्तार योजना के लिए कैपिटल एक्सपेंडिचर, वर्किंग कैपटिल की जरूरतों को पूरा करने और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों में होगा।
Gandhar Oil Refinery की डिटेल्स
कंज्यूमर्स और हेल्थकेयर एंड इंडस्ट्रीज के लिए वॉइट ऑयल बनाने वाली गांधार ऑयल रिफाइनरी करीब 31 साल पुरानी कंपनी है। 30 जून तक के उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक कंपनी दिव्यॉल (Divyol) ब्रांड नाम से पर्सनल केयर, हेल्थकेयर और परफॉरमेंस ऑयल (PHPO), लुब्रिकेंट्स और प्रोसेस एंड इंसल्टिंग ऑयल्स (PIO) से जुड़े 350 से अधिक प्रोडक्ट्स ऑफर करती है। यह मैरिको, HUL, डाबर, पतंजलि आयुर्वेद, बजाज कंज्यूमर केयर, एमामी और अम्रुतांजन हेल्थकेयर समेत 3500 से अधिक क्लाइंट्स को प्रोडक्ट्स सप्लाई करती है।
कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो यह लगातार मजबूत हो रही है। वित्त वर्ष 2021 में इसे 161.14 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा हुआ था जो वित्त वर्ष 2022 में बढ़कर 184.30 करोड़ रुपये और फिर वित्त वर्ष 2023 में उछलकर 213.18 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। इस दौरान कंपनी का रेवेन्यू भी तेजी से आगे बढ़ा है। वित्त वर्ष 2021 में इसका रेवेन्यू 2,069.58 करोड़ रुपये था जो वित्त वर्ष 2022 में बढ़कर 3,397.98 करोड़ रुपये और फिर वित्त वर्ष 2023 में 4,101.79 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। इस वित्त वर्ष की बात करें तो पहली तिमाही अप्रैल-जून 2023 में इसे 54.28 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा और 1,071.52 करोड़ रुपये का रेवेन्यू हासिल हुआ था।