गुरुग्राम की पारस हेल्थकेयर का ₹1,450 करोड़ का IPO 21 अक्टूबर को खुलने वाला है। इसमें ₹500 करोड़ के 72.15 लाख नए शेयर जारी होंगे। साथ ही ₹950 करोड़ के 1.37 करोड़ शेयरों का ऑफर फॉर सेल (OFS) रहेगा। OFS में कंपनी के प्रमोटर धर्मिंदर कुमार नागर और निवेशक कॉमेलिना शेयरों को बिक्री के लिए रखेंगे। प्राइस बैंड ₹660-₹693 प्रति शेयर तय हुआ है। लॉट साइज 21 शेयर है। पब्लिक इश्यू में 23 अक्टूबर तक पैसे लगाने का मौका रहेगा। क्लोजिंग के बाद अलॉटमेंट 26 अक्टूबर को फाइनल हो सकता है। कंपनी के शेयर NSE और BSE पर 28 अक्टूबर को लिस्ट हो सकते हैं।
कंपनी पारस हेल्थ ब्रांड के तहत हॉस्पिटल चेन चलाती है। पहले पारस हेल्थकेयर ने जुलाई 2024 में IPO पेपर जमा किए थे। उस वक्त पब्लिक इश्यू में ₹400 करोड़ तक के नए शेयर जारी करना और प्रमोटर व इनवेस्टर्स की ओर से 1.49 करोड़ शेयरों का OFS लाया जाना शामिल था। रिपोर्ट्स के मुताबिक, उस वक्त IPO का साइज लगभग ₹1,000 करोड़ था। SEBI ने अक्टूबर 2024 में IPO पेपर को मंजूरी दी थी। इश्यू लाने के लिए समय-सीमा अक्टूबर 2025 तक थी, लेकिन कंपनी इस दौरान IPO नहीं ला सकी। अब अक्टूबर 2026 में यह फाइनली लिस्ट होने वाली है।
Paras Healthcare IPO के लिए JM फाइनेंशियल, BofA सिक्योरिटीज इंडिया और नुवामा वेल्थ मैनेजमेंट बुक रनिंग लीड मैनेजर है। रजिस्ट्रार MUFG Intime India Pvt.Ltd. है। इस पब्लिक इश्यू में 75 प्रतिशत हिस्सा क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स के लिए, 10 प्रतिशत हिस्सा रिटेल इनवेस्टर्स के लिए और 15 प्रतिशत हिस्सा नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व है।
Paras Healthcare के अभी 8 अस्पताल
पारस हेल्थकेयर उत्तर भारत, बिहार और झारखंड में 30 जून 2026 तक 8 अस्पतालों के जरिए टर्शियरी और क्वाटरनरी हेल्थकेयर सर्विसेज दे रही थी। इसके अस्पताल गुरुग्राम, पंचकुला, पटना, दरभंगा, कानपुर, उदयपुर, रांची और श्रीनगर में थे। इन अस्पतालों में कुल 2,211 बेड की क्षमता थी। टर्शियरी हेल्थकेयर वह स्तर है, जहां विशेषज्ञ डॉक्टरों और एडवांस्ड मेडिकल सर्विसेज की जरूरत होती है। जैसे कि हार्ट बायपास सर्जरी, कैंसर का इलाज, न्यूरोसर्जरी (दिमाग की सर्जरी), किडनी ट्रांसप्लांट आदि। क्वाटरनरी हेल्थकेयर, टर्शियरी से भी अधिक एडवांस्ड और अत्यधिक विशिष्ट मेडिकल सर्विस होती है। जैसे कि मल्टी ऑर्गन ट्रांसप्लांट, रोबोटिक सर्जरी, दुर्लभ बीमारियों का विशेष इलाज आदि।
नेटवर्क के विस्तार के तहत पारस हेल्थकेयर ने गुरुग्राम में 300 और लुधियाना में 500 बेड की क्षमता जोड़ने की योजना बनाई है। कंपनी को उम्मीद है कि मार्च 2028 तक उसके अस्पतालों में कुल बेड क्षमता बढ़कर 3,011 हो जाएगी।
IPO के पैसों का कैसे होगा इस्तेमाल
कंपनी अपने IPO में नए शेयरों को जारी कर हासिल होने वाले पैसों का इस्तेमाल कर्ज चुकाने के लिए, 100 प्रतिशत मालिकाना हक वाली सब्सिडियरी PMHPL का कर्ज चुकाने के उद्देश्य से उसमें निवेश के लिए और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए करेगी। पारस हेल्थकेयर का शेयर ग्रे मार्केट में 16.02 प्रतिशत प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है। ग्रे मार्केट एक अनऑथराइज्ड मार्केट है, जहां किसी कंपनी के शेयर उसकी लिस्टिंग तक ट्रेड करते हैं।
पारस हेल्थकेयर का अप्रैल-जून 2026 तिमाही में रेवेन्यू 478.75 करोड़ रहा। शुद्ध मुनाफा 49.68 करोड़ दर्ज किया गया। इस बीच कंपनी पर 1,429.49 करोड़ की उधारी थी। वित्त वर्ष 2025—26 के दौरान कंपनी का रेवेन्यू 24 प्रतिशत बढ़कर 1,628.78 करोड़ हो गया। शुद्ध मुनाफा 176 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ 43.83 करोड़ दर्ज किया गया।
Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।