RailTel IPO: रेलटेल कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया का IPO 16 फरवरी को खुला था और 18 फरवरी को बंद हुआ। अब तक इस इश्यू का रिटेल पोर्शन 11 गुना सब्सक्राइब हुआ। कंपनी में सरकार अपनी 27 फीसदी हिस्सेदारी बेचकर 820 करोड़ रुपए जुटाने की तैयारी में है। यह पूरा पैसा सरकार के पास जाएगा, कंपनी को इसमें से कुछ नहीं मिलेगा।
हैरानी की बात है कि ग्रे मार्केट में जहां RailTel के अनलिस्टेड शेयर कुछ दिनों पहले तक प्रीमियम पर ट्रेड कर रहे थे अब वो गिर गए हैं। एनालिस्ट्स इस इश्यू को लेकर पॉजिटिव हैं क्योंकि यह मिनिरत्न कंपनी है और इस पर कोई कर्ज नहीं है। साथ ही कंपनी लगातार डिविडेंड पे करती आई है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि प्राइस बैंड 93-94 रुपए के अपरबैंड के हिसाब से कंपनी का IPO 21.4 P/E के वैल्यूएशन पर है।
ET के मुताबिक, ग्रे मार्केट पर नजर रखने वाले गुजरात के एक ट्रेडर अभय दोषी ने कहा कि 18 फरवरी को ग्रे मार्केट में RailTel सिर्फ 12-14 रुपए प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है। जबकि कुछ दिनों पहले तक यह 47 रुपए था।
कंपनी की संभावनाएं अच्छी हैं लेकिन QIB और HNI की दिलचस्पी कम होने के कारण सेंटीमेंट बदल गया है।
17 फरवरी तक RailTel का IPO 6.55 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें रिटेल कोटा के लिए 10.55 गुना बोली लगी है। वहीं क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) का पोर्शन 2.97 गुना सब्सक्राइब हुआ है। वहीं नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स कैटेगरी में 2.63 गुना सब्सक्रिप्शन हुआ है। कर्मचारियों के लिए रिजर्व पोर्शन 1.85 गुना सब्सक्राइब हुआ है। ग्रे मार्केट में RailTel का प्रीमियम अभी भी IPO के प्राइस बैंड से 13-15 फीसदी ऊपर है।