Shiva Pharmachem IPO: एसिड और एल्किल क्लोराइड बनाने वाली दिग्गज गुजराती कंपनी शिव फार्माकेम (Shiva Pharmachem) आईपीओ लाने की तैयारी कर रही है। कंपनी ने इसके लिए बाजार नियामक सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (SEBI) के पास ड्राफ्ट भी फाइल कर दिया। कंपनी ने यह ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) 21 अगस्त को फाइल किया है। सेबी के पास दाखिल ड्राफ्ट के मुताबिक यह इश्यू 900 करोड़ रुपये का होगा। इस इश्यू के तहत कोई भी नया शेयर नहीं जारी होगा बल्कि ऑफर फॉर सेल (OFS) के तहत प्रमोटर्स अपनी होल्डिंग कम करेंगे। इसे शत-प्रतिशत यानी 100 फीसदी हिस्सेदारी प्रमोटर्स की ही है।
Shiva Pharmachem IPO की डिटेल्स
शिव फार्माकेम का 900 करोड़ रुपये का आईपीओ पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल का होगा। इश्यू के जरिए प्रमोटर्स विशाल राकेश अग्रवाल और राहुल राकेश अग्रवाल अपने हिस्से के 383 करोड़ रुपये के शेयरों की बिक्री करेंगे। इसके अलावा 134 करोड़ रुपये के शेयरों की गीतगंगा इनवेस्टमेंट बिक्री करेगी। चूंकि यह इश्यू पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल का हो तो कंपनी को इसके जरिए कोई पैसा नहीं मिलेगा। आईपीओ से जुड़े खर्चों को निकालकर सारा पैसा शेयर बेचने वाले शेयरहोल्डर्स को ही मिलेगा। इस इश्यू के लिए जेएम फाइनेंशियल और कोटक महिंद्रा कैपिटल मर्चेंट बैंकर्स हैं और लिंक इनटाइम रजिस्ट्रार है।
Shiva Pharmachem के बारे में डिटेल्स
वित्त वर्ष 2022 में वॉल्यूम के हिसाब से शिव फार्माकेम देश की सबसे बड़ी एसिड और एल्किल क्लोराइड कंपनी है। इसके गुजरात के लून और दहेज में एक-एक और हंगरी के सजोबाबोनी में एक प्लांट हैं। वित्त वर्ष 2023 के मुताबिक कंपनी का 80 फीसदी से अधिक कारोबार निर्यात का है और इससे 181 एमएनसी और घरेलू कंपनियां जुड़ी हुई हैं। यह एलिफैटिक और एरोमैटिक क्लोराइड्स, एलिफैटिक और एरोमैटिक नाइट्राइल्स, एल्कॉक्सी कीटोन्स, हर्बिसाइड सेफनर्स, थायोकार्बामेट्स, क्लोरोफॉर्मेट्स और आइसोसाइनेट्स सहित 100 से अधिक स्पेशलाइज्ड प्रोडक्टस ऑफर करती है। इन प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल कृषि रसायन, परफॉर्मेंस मैटेरियल्स, कीटाणुनाशक, फार्मा, पॉलिमर और कॉस्मेटिक्स सेक्टर में होता है।
अब कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो वित्त वर्ष 2023 में इसका ऑपरेशनल रेवेन्यू सालाना आधार पर 6.2 फीसदी उछलकर 1,079.5 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। इस दौरान नेट प्रॉफिट 40 फीसदी बढ़कर 116.65 करोड़ रुपये हो गया। वहीं मार्जिन भी 2.59 फीसदी बढ़कर 10.66 फीसदी पर पहुंच गया। EBITDA भी 27.8 फीसदी उछलकर 204.2 करोड़ रुपये और मार्जिन भी 3.20 फीसदी बढ़कर 18.92 फीसदी पर पहुंच गया। कर्ज भी 8.3 फीसदी उछलकर 347.1 करोड़ रुपये हो गया।