रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास ने मॉनेटरी पॉलिसी का ऐलान कर दिया है। जैसा कि पहले ही उम्मीद थी पॉलिसी रेट में कोई बदलाव नहीं होगा, RBI का फैसला भी वैसा ही आया। रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं हुआ है। यह पहले की तरह 4 फीसदी पर बरकरार रहेगा। रिवर्स रेपो रेट भी पहले की तरह 3.35 फीसदी पर बना रहेगा। जबकि मार्जिनल स्टैंडिंग फैसिलिटी रेट (MSFR) और बैंक रेट 4.25 फीसदी रहेगा। रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास ने कहा कि पॉलिसी का नजरिया अभी भी accomodative रहेगा।
इस मौके पर बोलते हुए उन्होने आगे कहा कि इकोनॉमी की स्थिति पहले से बेहतर हुई है। मॉनसून की स्थिति भी जून से बेहतर हुई है। हालांकि कोरोना की तीसरी लहर के खिलाफ हमें सचेत रहने की जरूरत है। क्रूड कीमतों में उतार-चढ़ाव का महंगाई पर असर देखने को मिल रहा है। कोविड वैक्सीन का प्रोडक्शन बढ़ना पॉजिटिव संकेत है।
उन्होंने ये भी कहा कि मई में CPI महंगाई का बढ़ना आश्चर्यजनक है। लेकिन अच्छी बात ये है कि घरेलू ग्रोथ में तेजी आई है और मांग बढ़ रही है। खपत, निवेश और मांग में तेजी आ रही है ये इकोनॉमी के लिए अच्छा संकेत है।कृषि ग्रोथ और घरेलू मांग में तेजी बनी हुई है।
आरबीआई गवर्नर ने आगे कहा कि मांग बढ़ाने के लिए VRRR (Variable Rate Reverse Repo) ऑक्शन करेंगे। VRRR के जरिए 4 लाख करोड़ से ज्यादा की नीलामी होगी। G-SEC 2.0 के जरिए बॉन्ड खरीद जारी रखेंगे। अलग-अलग ऑक्शन के जरिए बॉन्ड खरीद जारी रखेंगे। 12, 26 अगस्त को G-SAP ऑक्शन करेंगे।
Export Credit गाइडलाइंस में होगा संशोधन