ATC Energies IPO Listing: इंटीग्रेटेड एनर्जी स्टोरेज सॉल्यूशंस मुहैया कराने वाली एटीसी एनर्जीज के शेयरों की आज NSE SME प्लेटफॉर्म पर भारी डिस्काउंट पर एंट्री हुई। इसके आईपीओ को भी निवेशकों का खास रिस्पांस नहीं मिला था और हर कैटेगरी के लिए आरक्षित हिस्सा पूरा नहीं भर पाया था। आईपीओ के तहत 118 रुपये के भाव पर शेयर जारी हुए हैं। आज NSE SME पर इसकी 107.00 रुपये पर एंट्री हुई है यानी कि आईपीओ निवेशकों को कोई लिस्टिंग गेन नहीं मिला बल्कि पूंजी ही 9.32 फीसदी घट गई। आईपीओ निवेशकों को थोड़ी ही देर में और झटका तब लगा, जब शेयर और टूट गए। टूटकर यह 101.65 रुपये (ATC Energies Share Price) के लोअर सर्किट पर आ गया और इसी पर बंद भी हुआ यानी कि यानी कि पहले कारोबारी दिन की समाप्ति पर आईपीओ निवेशक 13.86 फीसदी घाटे में हैं।
ATC Energies IPO के पैसे कैसे होंगे खर्च
एटीसी एनर्जीज का ₹63.76 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 25-27 मार्च तक खुला था। यह आईपीओ ओवरऑल 1.61 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए आरक्षित हिस्सा 1.38 गुना, नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा 0.81 गुना और खुदरा निवेशकों का हिस्सा 2.49 गुना भरा था। इस आईपीओ के तहत 51.02 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी हुए हैं। इसके अलावा 10 रुपये की फेस वैल्यू वाले 10.80 लाख शेयर ऑफर फॉर सेल विंडो के तहत बिके हैं। ऑफर फॉर सेल का पैसा तो शेयर बेचने वाले शेयरहोल्डर्स को मिला है। वहीं नए शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों में से 9.53 करोड़ कर्ज चुकाने, 6.72 करोड़ रुपये नोएडा फैक्ट्री के रीफर्बिसमेंट, सिविल और अपग्रेडेशन के काम, 7.47 करोड़ रुपये नोएडा फैक्ट्री, वसई फैक्ट्री और रजिस्टर्ड ऑफिस में आईटी अपग्रेडेशन, 9.5 करोड़ रुपये वर्किंग कैपिटल की जरूरतों और बाकी पैसे आम कॉरपोरेट उद्देश्यों पर खर्च होंगे।
वर्ष 2020 में बनी एटीसी एनर्जीज सिस्टम कम लागत में लीथियम और लीथियम ऑयन की बैट्री बनाती है। यह बैंकिंग, ऑटोमोबाइल्स और अन्य एंड यूजर्स को इंटीग्रेटेड एनर्जी स्टोरेज सॉल्यूशंस मुहैया कराती है। इसका रजिस्टर्ड ऑफिस मुंबई में है और फैक्ट्री वसई, ठाणे और नोएडा में है।
कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो वित्त वर्ष 2022 में इसे 11.86 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा हुआ था जो अगले वित्त वर्ष 2023 में गिरकर 7.76 करोड़ रुपये पर आ गया। हालांकि अगले वित्त वर्ष 2024 में स्थिति सुधरी और यह 10.89 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। इस दौरान कंपनी के रेवेन्यू में भी उतार-चढ़ाव रहा। वित्त वर्ष 2022 में इसे 36.52 करोड़ रुपये, वित्त वर्ष 2023 में 33.22 करोड़ रुपये और वित्त वर्ष 2024 में 51.51 करोड़ रुपये का रेवेन्यू हासिल हुआ। पिछले वित्त वर्ष 2024-25 की बात करें तो पहली छमाही अप्रैल-सितंबर 2024 में इसे 5.77 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा और 22.57 करोड़ रुपये का रेवेन्यू हासिल हुआ था।