Bank of Baroda Q1 Results: बैंक ऑफ बड़ौदा ने 24 जुलाई को जून तिमाही के नतीजों का ऐलान किया। इस दौरान बैंक का प्रॉफिट 72 फीसदी गिरकर 1,278 करोड़ रुपये रहा। इसकी बड़ी वजह यूएई की एनएमसी हेल्थ के ज्वाइंट एडमिनिस्ट्रेटर्स के साथ बैंक का कोर्ट के बाहर करीब 5,700 करोड़ रुपये का सेटलमेंट है।
नेट इंटरेस्ट इनकम 10 फीसदी बढ़कर 12524 करोड़
Bank of Baorda (BoB) को एक साल पहले की जून तिमाही में 4,541 करोड़ रुपये का प्रॉफिट हुआ था। जून तिमाही में बैंक का नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) 9.5 फीसदी बढ़कर 12,524 करोड़ रुपये रहा। एक साल पहले की समान अवधि में यह 11,435 करोड़ रुपये था। जून तिमाही में बैंक के नेट नॉन-परफॉर्मिंग एसेट (NNPA) में हल्की कमी आई।
जून तिमाही में नेट NPA और ग्रॉस एनपीए में गिरावट
NNPA 10 बेसिस प्वाइंट्स घटकर 0.5 फीसदी पर आ गया। ग्रॉस एनपीए (GNPA) घटकर 1.99 फीसदी रहा। एक साल पहले की समान अवधि में यह 2.24 फीसदी था। बैंक ऑफ बड़ौदा का कैपिटल एडक्वेसी रेशियो (CAR) 16.31 फीसदी था। एक साल पहले की समान अवधि में यह 17.61 फीसदी था। इसका मतलब है कि बीते एक साल में में इसमें 130 बेसिस प्वाइंट्स की कमी आई है।
एडवान्सेज की ग्रोथ 17 फीसदी रही
बैंक ऑफ बड़ौदा का ग्लोबल एडवान्सेज जून तिमाही में 17.4 फीसदी बढ़कर 14.16 लाख करोड़ रुपये पहुंच गया। एक साल पहले की समान अवधि में यह 12.07 लाख करोड़ रुपये था। बैंक का डिपॉजिट 13.8 फीसदी बढ़कर 16.33 लाख करोड़ रुपये रहा।
शेयर 25 जुलाई को चढ़कर बंद हुए
BoB का शेयर 24 जुलाई को 1.27 चढ़कर 246.25 रुपये पर बंद हुआ। इस साल यह शेयर 18 फीसदी से ज्यादा गिरा है। बीओबी सरकारी बैंक है। इसने जून तिमाही के नतीजों के साथ डिविडेंड का ऐलान नहीं किया।