विदेशी ब्रोकरेज फर्म सीएलएसए ने भारतीय बाजार को लेकर अपना रुख बदल दिया है। करीब 18 महीनों तक बेयरिश रुख के बाद उसने अब अपना रुख कंस्ट्रक्टिव कर दिया है। उसने कहा है कि रिस्क-रिवॉर्ड प्रोफाइल अब बैलेंस्ड है, क्योंकि बाजार अब मध्यपूर्व में चल रही लड़ाई के असर से उबर चुका है। भारतीय बाजार में 8 अप्रैल को जबर्दस्त तेजी आई थी। 9 अप्रैल को गिरावट के बाद 10 अप्रैल को फिर से रिकवरी लौट आई।
