Daily Voice:जियो-पॉलिटिकल स्थिति बाजार पर दिखाएगी असर, एफएमसीजी सेक्टर का बुरा दौर बीता

ASK के एसोसिएट डायरेक्टर संदीप का कहना है कि आगे बाजार पर जियो पॉलिटिकल स्थिति, बढ़ती ब्याज दरों और महंगाई का असर देखने को मिलेगा। इस बातचीत में उन्होंने आगे कहा कि भारत का FMCG सेक्टर मार्जिन पर दबाव के अपने सबसे बुरे दौर से बाहर आ चुका है। आगे हमें FMCG सेक्टर की कुछ कंपनियों के मुनाफे में बढ़त देखने को मिलेगी

अपडेटेड Feb 27, 2023 पर 7:28 PM
बाजार में बढ़ती पैठ, प्रीमियम प्रोडक्ट पर फोकस और डिजिटली करण एफएमसीजी सेक्टर के लॉन्ग टर्म ग्रोथ में अहम भूमिका निभाएंगे

ASK इनवेस्टमेंट मैनेजर्स के संदीप बंसल ने मनीकंट्रोल के साथ बात करते हुए कहा है कि वित्त वर्ष 2024 में अर्निंग ग्रोथ निम्न से मध्यम स्तर पर रहने की उम्मीद है। इस समय भारतीय बाजार का वैल्यूएशन 10 साल के औसत के आधार पर देखें तो बेहतर नजर आ रहा है। ASK के एसोसिएट डायरेक्टर संदीप का कहना है कि आगे बाजार पर जियो पॉलिटिकल स्थिति, बढ़ती ब्याज दरों और महंगाई का असर देखने को मिलेगा। इस बातचीत में उन्होंने आगे कहा कि भारत का FMCG सेक्टर मार्जिन पर दबाव के अपने सबसे बुरे दौर से बाहर आ चुका है। आगे हमें FMCG सेक्टर की कुछ कंपनियों के मुनाफे में बढ़त देखने को मिलेगी। बाजार में बढ़ती पैठ, प्रीमियम प्रोडक्ट पर फोकस और डिजिटली करण एफएमसीजी सेक्टर के लॉन्ग टर्म ग्रोथ में अहम भूमिका निभाएंगे।

बैंकिंग सेक्टर पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि पिछले साल बैंकिंग सेक्टर के क्रेडिट ग्रोथ, मार्जिन और कर्ज लागत जैसे मानकों में जबरदस्त सुधार देखने को मिला था। जिसके कारण पीएसयू बैंकों की री-रेटिंग होती नजर आई थी। वहीं इस साल क्रेडिट ग्रोथ मध्यम स्तर पर रह सकती है। जबकि मार्जिन पहले की तुलना में थोड़ा कम रह सकता है। वहीं असेट क्वालिटी भी थोड़ी नरम रह सकती है। फिर भी बुनियादी तौर पर यह सेक्टर मजबूत दिख रहा है। आगे हमको बैंकिंग सेक्टर की अर्निंग में ग्रोथ की संभावना दिख रही है। कुछ बैंकिंग शेयरों में अच्छा रिटर्न देखने को मिल सकता है।

फर्मा सेक्टर पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि अमेरिका में जेनरिक दवाओं की कीमतों पर दबाव और यूएस एफडीए से संबंधित रेगुलेटरी मुद्दों के चलते भारतीय फर्मा कंपनियां पिछले कुछ सालों से दबाव में हैं। ऐसे में हमें ऐसी कंपनियों पर नजर रखनी चाहिए। जिनका कारोबार घरेलू इकोनॉमी पर ज्यादा निर्भर करता है।


Nifty ने तोड़ा 200 DMA और बजट के दिन के निचले स्तर का सपोर्ट, फिर भी एक्सपर्ट्स की उम्मीदें कायम!

क्या आपको लगता है कि ताइवान पर कब्जा करने की चीन की योजना ग्लोबल फ्रंट पर सबसे बड़ा खतरा है। इसका जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर अमेरिका का रूख सख्त है। अगर ताइवान के मुद्दे को लेकर अमेरिका और चीन के बीच तनाव बढ़ता है तो निश्चित तौर पर यह बाजार के लिए बहुत बड़ा जोखिम होगा।

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।